राज्य स्तर पर कोरबा का परचम लहराया, जनसंपर्क विभाग ने योजनाओं के प्रचार-प्रसार में हासिल किया प्रथम स्थान जनसंपर्क आयुक्त रवि मित्तल ने की प्रशंसा, कोरबा बना पूरे प्रदेश के लिए उदाहरण
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त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ***/कोरबा, 05 नवम्बर 2025।
छत्तीसगढ़ राज्य के रजत जयंती वर्ष में जनसंपर्क विभाग कोरबा ने अपने उत्कृष्ट कार्य और नवाचारों के दम पर प्रदेशभर में पहला स्थान प्राप्त कर कोरबा का नाम रोशन किया है। राज्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं और विकासपरक कार्यक्रमों के प्रभावी प्रचार-प्रसार में कोरबा जिले के जनसंपर्क कार्यालय ने उल्लेखनीय सफलता हासिल की है।
राज्य स्तर पर संचालनालय से प्राप्त रिपोर्ट में यह स्पष्ट किया गया कि कोरबा जिले ने “सक्सेस स्टोरी” (सफलता की कहानियों का प्रसार) और “जियोग्राफिकल कवरेज” (भौगोलिक कवरेज) के क्षेत्र में अन्य जिलों की तुलना में दोगुनी उपलब्धि दर्ज की है।
इस उपलब्धि के लिए जनसंपर्क आयुक्त श्री रवि मित्तल ने जिला जनसंपर्क कार्यालय कोरबा की सराहना की और जिला जनसंपर्क अधिकारी श्री कमलज्योति को प्रशस्ति पत्र प्रेषित किया।
राज्य स्तरीय अधिकारियों ने कहा कि कोरबा जनसंपर्क टीम ने जिस तत्परता, नवाचार और समर्पण के साथ शासन की योजनाओं को जन-जन तक पहुँचाने का कार्य किया है, वह अन्य जिलों के लिए प्रेरणास्रोत है। विभाग ने सामाजिक मीडिया, डिजिटल माध्यमों, वीडियोग्राफिक रिपोर्टिंग, और स्थानीय समाचार प्रसार के माध्यम से योजनाओं को आम जनता तक सशक्त रूप में पहुँचाया।
छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव के दौरान कोरबा जनसंपर्क विभाग द्वारा प्रस्तुत “सफलता की कहानियों” ने शासन की लोकहितकारी योजनाओं की जमीनी हकीकत को उजागर किया और लाभार्थियों की प्रेरक कहानियों को सामने लाया। ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में योजनाओं की जानकारी पहुँचाने के लिए विभाग ने इनोवेटिव कम्युनिकेशन मॉडल अपनाए, जिससे प्रशासन और जनता के बीच मजबूत संवाद स्थापित हुआ।
जनसंपर्क आयुक्त श्री रवि मित्तल ने कहा कि कोरबा जनसंपर्क विभाग का यह प्रदर्शन राज्य में उत्कृष्ट प्रशासनिक संचार का उदाहरण है। इस उपलब्धि के लिए उन्होंने पूरी टीम को बधाई दी और अन्य जिलों को कोरबा मॉडल से सीख लेने की सलाह दी।
कोरबा जनसंपर्क कार्यालय ने न केवल शासन की योजनाओं का प्रचार किया, बल्कि समाज के विभिन्न वर्गों के उत्थान से जुड़ी प्रेरक कहानियाँ सामने लाकर यह साबित कर दिया कि सशक्त जनसंपर्क ही सरकार और जनता के बीच का वास्तविक सेतु है।







