शिव महापुराण कथा आयोजन हेतु कांशीनगर और पत्थरीपारा में बैठकें संपन्न, शिवभक्तों में सेवा के लिए उत्साह




त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****/ श्रावण मास की पावन बेला में ऊर्जा नगरी कोरबा में प्रस्तावित श्री शिव महापुराण कथा के सफल आयोजन के लिए तैयारियाँ जोरों पर हैं। इसी क्रम में कांशीनगर और पत्थरीपारा में अलग-अलग बैठकों का आयोजन किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं और कार्यकर्ताओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

कांशीनगर बैठक: सेवा भाव से प्रेरित हुआ आयोजन
कांशीनगर कोरबा में रुक्मणी ठाकुर के नेतृत्व में आयोजित बैठक में कथा आयोजन की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में शत्रुघ्न थवाईत, नितिन जयसवाल, दुर्गेश राठौर, सुनील अग्रवाल, राखी तारक, पूर्णिमा राठौर, त्रिवेणी राजवाड़े, भगवती सुधार, अंजलि देवांगन, रुक्मणी सिद्धार्थ, ज्योति सिंह, अमित भाई, हीरा शर्मा, गायत्री निषाद, सुकृत सिंह और वर्षा यादव विशेष रूप से उपस्थित रहे।
इस अवसर पर महाकाल भक्त मंडल के सचिव राजेंद्र तारक ने बताया कि यह कोरबा वासियों के लिए सौभाग्य की बात है कि सावन के इस पुण्य माह में शिव महापुराण कथा का आयोजन हो रहा है। कथा स्थल पर भक्तों की भारी उपस्थिति को सुव्यवस्थित रखने के लिए समर्पित कार्यकर्ताओं की टीमें बनाई जा रही हैं।
कार्यकर्ताओं की सेवा रुचि के अनुसार उन्हें अलग-अलग क्षेत्रों में कार्यभार सौंपा जाएगा। पंजीकृत कार्यकर्ताओं के लिए परिचय पत्र भी बनाए जा रहे हैं, और इसके लिए फॉर्म भरवाए जा रहे हैं। महिला और पुरुष कार्यकर्ता बड़ी संख्या में सेवा कार्य हेतु पंजीकरण करा रहे हैं, जिससे आयोजन की व्यवस्थाओं को सुदृढ़ आधार मिलेगा।

पत्थरीपारा बैठक: भक्तों की सुविधा और सुरक्षा पर विशेष जोर
इसके पश्चात पत्थरीपारा स्थित शिव मंदिर में घनश्याम कौशिक के नेतृत्व में बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में राखी तारक ने उपस्थित कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए आयोजन से संबंधित दिशानिर्देश साझा किए। उन्होंने कहा कि कथा स्थल एक पवित्र धार्मिक स्थल है, अतः वहां की स्वच्छता और मर्यादा बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है।
उन्होंने आग्रह किया कि कोई भी श्रद्धालु भीड़ में महंगे आभूषण पहनकर न आएं ताकि उनकी सुरक्षा बनी रहे। साथ ही प्लास्टिक का पूर्णतः निषेध रहेगा। सभी भक्तों से आग्रह किया गया कि वे अपने साथ पानी की बोतल व खाद्य सामग्री अपने थैले में रखें और कथा स्थल पर किसी प्रकार का कचरा न फैलाएं। स्वच्छता और अनुशासन के माध्यम से ही हम इस आयोजन को सफल बना सकते हैं।
मीडिया प्रभारी दुर्गेश राठौर ने बताया कि आगामी दिनों में भी इसी तरह की और बैठकों का आयोजन किया जाएगा ताकि सभी कार्यकर्ता सही दिशा में संगठित होकर अपनी सेवाएं दे सकें। शिवभक्तों में इस आयोजन को लेकर विशेष उत्साह और श्रद्धा देखी जा रही है।
“शिव महापुराण कथा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि समाज को एकजुट करने और सेवा भावना को जगाने का माध्यम है।” — आयोजकों का यही संकल्प है।
🌿🔱🌼 हर-हर महादेव! 🌼🔱🌿


