कांग्रेस को अपनी लगातार हुए हार की समीक्षा करनी चाहिए – नलिनीश ठोकने


रायपुर। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता नलिनीश ठोकने ने गंभीर आपराधिक आरोप में प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और मंत्री के लगातार 30 दिनों तक जेल में रहने की स्थिति में स्वतः पद से हटाने के प्रावधान वाले संसद में प्रस्तुत 130वें संविधान संशोधन विधेयक को लेकर कांग्रेस के विरोध पर जमकर निशाना साधा है। श्री ठोकने ने कहा कि इस विधेयक से जनप्रतिनिधियों में नैतिक आचरण का आग्रह बढ़ेगा।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता श्री ठोकने ने गुरुवार को एकात्म परिसर स्थित भाजपा कार्यालय में पत्रकारों से चर्चा करते हुए इस विधेयक को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी के उस बयान को निंदनीय बताया जिसमें गांधी ने ‘जो राजा चाहे वही कानून’ कहकर इस विधेयक का विरोध किया है। श्री ठोकने ने कहा कि यह कहने से पहले राहुल गांधी को यह नहीं भूलना चाहिए कि यूपीए शासनकाल में तत्कालीन प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की सरकार के जनप्रतिनिधियों से जुड़े एक अध्यादेश को भरी प्रेस कॉन्फ्रेंस में फाड़कर राहुल गांधी ने अपने आपको राजकुमार बताने का काम किया था। इसी प्रकार कांग्रेस पार्टी ने कई बार विरोधी दलों की सरकार को आर्टिकल 356 का उपयोग करके गाहे-बगाहे बर्खास्त करके सामंती आचरण प्रस्तुत किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र की सरकार ने लोकतंत्र के गौरव व मर्यादा की रक्षा के लिए लगातार कार्य किया है।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता श्री ठोकने ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज के हालिया बयानों के मद्देनजर कहा कि बघेल व बैज अपने संगठन की दुर्दशा पर विचार करना छोड़ भाजपा और प्रदेश सरकार पर कटाक्ष करते आ रहे हैं। श्री ठोकने ने सवाल किया कि क्या बघेल और बैज ने विधानसभा, लोकसभा, नगरीय निकाय और पंचायत चुनावों में हुई लगातार हार की समीक्षा की है? क्या कारण है कि कांग्रेस को लगातार हार का मुँह देखना पड़ रहा है? कांग्रेस को सभी चुनाव में जनता ने क्यों नकार दिया? कांग्रेस को अपनी समीक्षा करनी चाहिए। श्री ठोकने ने कहा कि आज कांग्रेस प्रदेश से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक विचार शून्य हो चुकी है। कांग्रेस के लोगों के पास कोई भी मुद्दा नहीं है, केवल अपने वजूद का अहसास कराने के लिए कांग्रेस के लोग ऊलजलूल बयानबाजी कर रहे हैं।

