कोरबा जिले में निर्माणाधीन 2 फोरलेन सड़क के सितम्बर 2024 तक तैयार हो जाने की जताई जा रही उम्मीद-विकास कार्यों में आएगी गत







कोरबा जिलान्तर्गत 2 निर्माणाधीन राष्ट्रीय राजमार्ग फोरलेन सड़क का निर्माण अगले साल जून से सितंबर के बीच पूरा हो जाने की उम्मीद जताई जा रही हैं। कोरबा जिले से चांपा जिले तक की सड़क अगले साल जून तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है, जबकि ग्राम उरगा से बिलासपुर शहर तक निर्माणाधीन राजमार्ग के पूर्ण हो जाने की उम्मीद सितंबर तक जताई जा रही हैं। कोरबा जिले से चांपा जिले तक 38.2 किमी फोरलेन सड़क का निर्माण चल रहा है, जबकि भारतमाला प्रोजेक्ट कोरबा जिले से चांपा जिले तक 70.2 किमी की सड़क का काम भी तेजी से चल रहा है। जानकारी के अनुसार उरगा से बिलासपुर तक 70.2 किमी में से 30 किमी तक का कार्य पूरा कर लिया गया हैं।
कोरबा जिले से चांपा जिले तक का भी लगभग आधा निर्माणकार्य हो चुका हैं। दोनों ही सड़क कोरबा जिले की प्रमुख सड़क है। कार्यपूर्ण हो जाने के बाद जांजगीर-चांपा, रायगढ़, बिलासपुर, रायपुर को जोड़ने वाली सड़क के बनने से चांपा पहुंचने में 40 मिनट और बिलासपुर पहुंचने में महज एक घंटा का समय लगेगा। कोरबा-चांपा तक फोरलेन सड़क का निर्माण 999 करोड़ में हो रहा है। बारिश के चलते सड़क निर्माण कार्य धीमा हो गया है। अधिकारियों ने बताया कि मानसून सीजन के बाद तेजी से काम होगा। पूरी उम्मीद जताई जा रही हैं कि अगले साल मई-जून तक हाईवे पूरा तैयार हो जाएगा। पांच साल पहले जिले में आधा दर्जन फोरलेन सड़कों के लिए एनएचएआई ने सर्वे किया था। इसमें कटघोरा से बिलासपुर लगभग बन चुकी है। कटघोरा से अंबिकापुर पूरा होने के करीब है। कटघोरा से अंबिकापुर तक की सड़क दो पार्ट में स्वीकृत की गई थी। पहला पार्ट कटघोरा से शिवनगर पहले ही पूरा हो चुका है। शिवनगर से अंबिकापुर के बीच कुछ अंडरपास का काम रूका हुआ है। केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री ने लोकसभा में बताया है कि यह सड़क दिसंबर तक पूरी कर ली जाएगी। उरगा से बिलासपुर तक की भारतमाला सड़क परियोजना की कुल लागत 1745 करोड़ के करीब है। 70.2 किमी लंबी इस सड़क के लिए 506.56 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया गया है। इस सड़क पर 13 ब्रिज का निर्माण चल रहा है। यह सड़क उरगा से चांपा मार्ग पर कोरबा से जुड़ेगी, जो कि नहर के ऊपर से होकर गुजरेगी।






