डिजिटल भविष्य की ओर कदम – पीएम श्री सेजेस करतला में पायथन, एआई और मशीन लर्निंग पर पांच दिवसीय कार्यशाला संपन्न!






त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **/करतला। तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए पीएम श्री सेजेस करतला में पायथन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और मशीन लर्निंग (ML) पर केंद्रित पांच दिवसीय कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 7 अक्टूबर से 11 अक्टूबर तक NIELIT भुवनेश्वर (राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान) के विशेषज्ञ प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकी युग की आवश्यकताओं से जोड़ना और उन्हें कोडिंग, डेटा एनालिटिक्स, मशीन लर्निंग तथा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मूलभूत और व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना था। इस कार्यशाला में कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यशाला के दौरान क्या सिखाया गया:
NIELIT के प्रशिक्षकों प्रकाश बिशी और उमाशंकर आदित्य ने विद्यार्थियों को पायथन प्रोग्रामिंग भाषा की मूल संरचना, डेटा प्रोसेसिंग और मशीन लर्निंग मॉडल तैयार करने के प्रारंभिक सिद्धांतों से परिचित कराया।
विद्यार्थियों को बताया गया कि —
“पायथन एआई और एमएल प्रोग्रामिंग के लिए सबसे शक्तिशाली और लोकप्रिय भाषा है। यह डेटा को पढ़ने, विश्लेषण करने और उससे भविष्यवाणी करने के लिए आवश्यक टूल्स और लाइब्रेरी प्रदान करती है।”
प्रशिक्षकों ने पांडा, नंपाई और मैटप्लॉटलिब जैसी पायथन लाइब्रेरी के उपयोग से डेटा क्लीनिंग, एनालिसिस और विज़ुअलाइज़ेशन के व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से विद्यार्थियों को प्रशिक्षित किया। उन्होंने समझाया कि आज की दुनिया में बिग डेटा, एआई और मशीन लर्निंग का इस्तेमाल उद्योगों, शिक्षा, स्वास्थ्य और शासन के हर क्षेत्र में तेजी से बढ़ रहा है।
कार्यक्रम का समापन और सम्मान समारोह:
कार्यशाला के समापन अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य श्री त्रिलोक सिंह ने प्रशिक्षकों और विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा —
“नई पीढ़ी को भविष्य की तकनीकों की समझ देना हमारी प्राथमिकता है। पायथन और एआई जैसी स्किल्स विद्यार्थियों को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करती हैं।”
विद्यालय की ओर से NIELIT भुवनेश्वर के प्रशिक्षक प्रकाश बिशी और उनके सहायक उमाशंकर आदित्य को डायरी और पेन भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं, शिक्षकगण एवं तकनीकी उत्साही विद्यार्थी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की विशेषता:
छात्रों ने स्वयं प्रोग्राम बनाकर वास्तविक समस्याओं के समाधान सीखे।
एआई और मशीन लर्निंग के माध्यम से डेटा आधारित निर्णय लेने की प्रक्रिया समझी।
विद्यार्थियों को डिजिटल इंडिया की दिशा में नवाचार की भावना से प्रेरित किया गया।
इस पांच दिवसीय कार्यशाला ने विद्यार्थियों के भीतर तकनीकी सशक्तिकरण और नवाचार की नई चेतना का संचार किया। पीएम श्री सेजेस करतला ने इस आयोजन के माध्यम से यह सिद्ध कर दिया कि ग्रामीण अंचलों में भी अब भविष्य की तकनीकी क्रांति की लहर पहुँच चुकी है।





