किसान, जवान और संविधान का अपमान करने वाली कांग्रेस, अब कर रही ढोंगी जनसभा” : धरमलाल कौशिक




भाजपा नेता बोले – कांग्रेस का ‘किसान-जवान-संविधान’ कार्यक्रम सिर्फ झूठा प्रचार, जनता को गुमराह करने की साजिश
रायपुर, 25 जून 2025।
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा रायपुर ****/ भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष और पूर्व नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने कांग्रेस की प्रस्तावित “किसान-जवान-संविधान जनसभा” पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कांग्रेस के इस आयोजन को “मिथ्या प्रलाप और सस्ती सियासत का नया तमाशा” करार देते हुए कहा कि जिन्होंने किसानों को छला, जवानों का मनोबल तोड़ा और बार-बार संविधान का अपमान किया, वही आज उनके नाम पर राजनीति कर रहे हैं।
श्री कौशिक ने कहा कि कांग्रेस की सरकार ने अपने शासनकाल में किसानों को केवल धोखा दिया। भूपेश बघेल सरकार ने दो वर्षों तक किसानों को बोनस नहीं दिया, धान की कीमत किश्तों में देकर किसानों को रुलाया, बारदाना तक समय पर नहीं दिया गया और धान खरीदी भी अस्त-व्यस्त रही। सैकड़ों किसानों ने आत्महत्या कर ली, लेकिन कांग्रेस सरकार मूकदर्शक बनी रही। केंद्र में भी कांग्रेस ने 55 वर्षों में किसानों के लिए कोई स्थायी राहत नहीं दी।
इसके विपरीत, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आज किसानों को समर्थन मूल्य, फसल बीमा और किसान सम्मान निधि जैसी योजनाओं का लाभ मिल रहा है। प्रदेश में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में किसानों को ₹3100 प्रति क्विंटल की दर से 21 क्विंटल प्रति एकड़ धान खरीदी का लाभ मिल रहा है, और यह राशि सीधे उनके खातों में एकमुश्त जमा हो रही है। भाजपा शासन किसानों की समृद्धि और सम्मान के लिए प्रतिबद्ध है।
जवानों को लेकर कांग्रेस का रवैया हमेशा अपमानजनक रहा है। श्री कौशिक ने कहा कि नक्सलवाद के खिलाफ लड़ रहे जवानों के शौर्य को कांग्रेस नेताओं द्वारा बेबुनियाद बयानों से ठेस पहुंचाई जा रही है। उन्होंने कहा, “कांग्रेस कभी सर्जिकल स्ट्राइक और एयर स्ट्राइक के सबूत मांगती है, तो कभी ऑपरेशन सिंदूर जैसे अभियान को लेकर पाकिस्तान की भाषा बोलती है। यह भारतीय सेना और राष्ट्र के सम्मान का सीधा अपमान है।”
श्री कौशिक ने आगे कहा कि संविधान की हत्या करने का कलंक भी कांग्रेस पर ही है। सत्ता की लालसा में कांग्रेस ने 25 जून 1975 को आपातकाल थोपकर लोकतंत्र और संविधान दोनों को कुचल दिया। उन्होंने कहा कि आपातकाल में कांग्रेस ने संसद से विपक्ष गायब कर, संविधान की प्रस्तावना तक को बदल दिया और अनेक अलोकतांत्रिक संशोधन करके देश की लोकतांत्रिक संरचना पर कुठाराघात किया।
उन्होंने कहा कि विपक्ष की निर्वाचित सरकारों को बर्खास्त करना, धर्म के आधार पर आरक्षण देना, जैसे फैसले कांग्रेस की तुष्टिकरण और विभाजनकारी राजनीति को दर्शाते हैं। कर्नाटक में कांग्रेस सरकार ने धर्म आधारित आरक्षण देकर संविधान की मूल भावना का खुला उल्लंघन किया है। “कांग्रेस को बताना चाहिए कि संविधान में धर्म आधारित आरक्षण का प्रावधान कहाँ है?”
धरमलाल कौशिक ने कहा कि आज कांग्रेस वही झूठे नारे, वही नकली संवेदना और वही पुरानी साजिशें लेकर फिर मैदान में उतर रही है, लेकिन अब जनता गुमराह नहीं होगी। भाजपा जनमानस को सच से अवगत कराकर कांग्रेस के पाखंड का पर्दाफाश करती रहेगी।


