“समाधान शिविरों के शुभारंभ से सुशासन तिहार के तीसरे चरण की हुई प्रभावशाली शुरुआत – धरमलाल कौशिक”




त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****/ मुंगेली/बिलासपुर छत्तीसगढ़ में सुशासन तिहार 2025 के तीसरे चरण के तहत आयोजित समाधान शिविरों की शुरुआत आज पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्री धरमलाल कौशिक द्वारा की गई। श्री कौशिक ने बिल्हा विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम दौना (विकासखंड पथरिया, जिला मुंगेली) एवं ग्राम बरतोरी (विकासखंड बिल्हा, जिला बिलासपुर) में आयोजित समाधान शिविरों में भाग लेकर शिविरों का शुभारंभ किया।
इस दौरान उन्होंने हितग्राहियों को ऋण पुस्तिका, राशन कार्ड, आइस बॉक्स, कृषि स्पेयर पार्ट्स, रोजगार कार्ड, तथा विकलांग बच्चों को व्हीलचेयर का वितरण कर जनसेवा को सर्वोपरि बताया। उन्होंने शिविर स्थल पर लगे विभिन्न विभागों के स्टॉल का निरीक्षण कर विभागीय योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली और मौके पर मौजूद अधिकारियों को समस्याओं के त्वरित निराकरण के निर्देश दिए।

जनता के साथ सीधा संवाद – सरकार की प्राथमिकता
अपने संबोधन में श्री कौशिक ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की अगुवाई में सरकार ने जनता के विश्वास को सर्वोपरि रखते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की गारंटी को धरातल पर उतारने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि सिर्फ योजनाएं चलाना ही नहीं, बल्कि हर नागरिक की छोटी से छोटी समस्या का समाधान करना हमारी सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
आवेदन संग्रह से समाधान तक – एक पारदर्शी प्रक्रिया
श्री कौशिक ने बताया कि आम नागरिकों की पहुंच को सरल बनाने के लिए ग्राम पंचायत से लेकर जिला मुख्यालय तक समाधान पेटियां रखी गई हैं, जहां लोग अपनी समस्याओं को आवेदन के रूप में दे सकते हैं। इसके साथ ही ऑनलाइन आवेदन प्रणाली को भी लागू किया गया है जिससे तकनीकी रूप से सशक्त समाधान व्यवस्था सुनिश्चित हो रही है।
उन्होंने कहा, “सुशासन तिहार केवल एक अभियान नहीं बल्कि जनता और सरकार के बीच सेतु का कार्य कर रहा है। यह छत्तीसगढ़ के शासन की पारदर्शिता और उत्तरदायित्व का प्रतीक बन चुका है।”

शिविर में प्रभावशाली उपस्थिति
समाधान शिविर में मुंगेली कलेक्टर श्री कुंदन कुमार, पुलिस अधीक्षक श्री भोजराज पटेल, एसडीएम श्री भरोसराम ठाकुर, जनपद अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, मंडल अध्यक्षगण, भाजपा पदाधिकारी, एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीणजन और हितग्राही उपस्थित रहे।
शिविर में मिले आवेदन और उनकी त्वरित सुनवाई ने सरकार की संवेदनशीलता और तत्परता को दर्शाया। आमजन ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे जनसेवा का उत्कृष्ट उदाहरण बताया।


