छत्तीसगढ़ी फिल्म ‘झन जाबे परदेस’ का निहारिका टॉकीज में प्रमोशन, महापौर संजू देवी राजपूत ने कलाकारों संग देखा फिल्म



त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****/ कोरबा। मजदूरों के पलायन और उनकी पीड़ा पर आधारित छत्तीसगढ़ी फिल्म ‘झन जाबे परदेस’ का विशेष प्रमोशन कार्यक्रम निहारिका टॉकीज में आयोजित किया गया। इस अवसर पर नगर पालिका निगम की महापौर संजू देवी राजपूत, पार्षद नरेंद्र देवांगन, चंद्रलोक सिंह, अजय चंद्रा, ज्योति वर्मा, दीपक यादव, प्रमोद सोनू राठौर समेत अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने फिल्म के निर्देशक, निर्माता और कलाकारों से मुलाकात कर फिल्म की कहानी और इसके निर्माण से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां लीं।
मजदूरों की पीड़ा को बयां करती है फिल्म
‘झन जाबे परदेस’ छत्तीसगढ़ी समाज में मजदूरों के पलायन की वास्तविकता को दर्शाती है। यह फिल्म उन गरीब मजदूरों की कहानी को प्रस्तुत करती है, जो अपने गांव-घर छोड़कर रोजगार की तलाश में परदेस जाते हैं और वहां संघर्षों का सामना करते हैं।
महापौर ने की फिल्म की सराहना
महापौर संजू देवी राजपूत ने फिल्म को सराहते हुए कहा कि यह केवल एक मनोरंजन की कहानी नहीं, बल्कि हमारे समाज का आईना है। उन्होंने कहा कि फिल्म में उन समस्याओं को दिखाया गया है, जिनका समाधान निकालने के लिए सरकार और समाज को मिलकर प्रयास करने की जरूरत है।
कलाकारों से हुई मुलाकात
इस कार्यक्रम में उपस्थित फिल्म के निर्देशक, निर्माता और कलाकारों ने फिल्म से जुड़ी कई रोचक बातें साझा कीं। उन्होंने बताया कि फिल्म को दर्शकों तक पहुंचाने के लिए विशेष प्रमोशन किया जा रहा है और इसे पूरे छत्तीसगढ़ में दिखाने की योजना है।
दर्शकों ने दी शानदार प्रतिक्रिया
फिल्म को देखने के बाद दर्शकों ने इसे भावनात्मक और प्रेरणादायक बताया। दर्शकों का कहना था कि फिल्म के गीत-संगीत और कहानी ने दिल को छू लिया। खासकर उन लोगों ने इसे सराहा, जो कभी अपने गांव से बाहर काम करने गए हैं।
फिल्म को देखने की अपील
नगर निगम की महापौर संजू देवी राजपूत ने समस्त नागरिकों से अपील की कि वे इस फिल्म को देखें और इससे मिलने वाली सीख को आत्मसात करें। फिल्म के माध्यम से समाज में स्थानीय रोजगार, पलायन की रोकथाम और मजदूरों के अधिकारों के प्रति जागरूकता फैलाने का संदेश दिया गया है।






