जीवन बचाने वालों को जीवनभर का सम्मान: शिवाय हॉस्पिटल में राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे पर सेवा, समर्पण और मानवता के नायकों को किया गया नमन



त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//* कोरबा जब हर सांस अनमोल हो जाती है, तब एक डॉक्टर का ज्ञान, उसका अनुभव और उसकी संवेदनशीलता किसी परिवार के लिए नई जिंदगी की सबसे बड़ी उम्मीद बन जाती है। यही कारण है कि समाज में चिकित्सकों को केवल पेशेवर नहीं, बल्कि जीवनरक्षक और मानवता के सच्चे प्रहरी के रूप में देखा जाता है। इसी भाव को आत्मसात करते हुए कोरबा की औद्योगिक नगरी के हृदय स्थल पर स्थित शिवाय हॉस्पिटल में डॉ. दिविक मित्तल एवं डॉ. यशा मित्तल के नेतृत्व में राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे गरिमामय, प्रेरणादायी और भावनात्मक वातावरण में मनाया गया।
कार्यक्रम के दौरान चिकित्सा सेवा से जुड़े सभी डॉक्टरों का सम्मान करते हुए उनके समर्पण, कर्तव्यनिष्ठा और मानवता के प्रति अतुलनीय योगदान को नमन किया गया। अस्पताल परिवार ने कहा कि डॉक्टर केवल बीमारी का उपचार नहीं करते, बल्कि टूटते हुए विश्वास को संभालते हैं, निराशा में आशा का दीप जलाते हैं और अनगिनत परिवारों की खुशियां वापस लौटाने का कार्य करते हैं।
इस अवसर पर बताया गया कि राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे प्रत्येक वर्ष 1 जुलाई को देश के महान चिकित्सक, शिक्षाविद, स्वतंत्रता सेनानी तथा भारत रत्न से सम्मानित डॉ. बिधान चंद्र रॉय की जयंती एवं पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। उनका संपूर्ण जीवन चिकित्सा सेवा, शिक्षा और समाज के प्रति समर्पण का अनुपम उदाहरण रहा है। उनके आदर्श आज भी देश के लाखों चिकित्सकों को मानव सेवा के लिए प्रेरित करते हैं।
अस्पताल प्रबंधन ने कहा कि भारत में राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे मनाने की शुरुआत वर्ष 1991 में हुई थी। इसका उद्देश्य चिकित्सा जगत से जुड़े उन सभी डॉक्टरों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करना है, जो दिन-रात, हर परिस्थिति और हर चुनौती के बीच मरीजों की जान बचाने के लिए निरंतर कार्य करते हैं।
डॉ. दिविक मित्तल ने कहा कि डॉक्टर का वास्तविक पुरस्कार किसी सम्मान से अधिक उस मरीज के चेहरे पर लौटने वाली मुस्कान होती है, जो स्वस्थ होकर अपने परिवार के बीच वापस पहुंचता है। वहीं डॉ. यशा मित्तल ने कहा कि चिकित्सा केवल एक पेशा नहीं, बल्कि सेवा, संवेदनशीलता, धैर्य और विश्वास का ऐसा संकल्प है, जिसमें हर दिन किसी न किसी जीवन को नया अवसर देने का प्रयास किया जाता है।
कार्यक्रम के दौरान चिकित्सकों को सम्मानित कर उनके उज्ज्वल भविष्य, उत्तम स्वास्थ्य और निरंतर सफल सेवाओं की शुभकामनाएं दी गईं। अस्पताल परिवार ने एक स्वर में कहा कि “डॉक्टर केवल इलाज नहीं करते, बल्कि हर धड़कन में उम्मीद, हर मुस्कान में विश्वास और हर जीवन में नया सवेरा लौटाने का संकल्प निभाते हैं।”
राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे पर आयोजित यह समारोह केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि उन सफेद कोट पहनने वाले कर्मयोगियों के प्रति समाज की कृतज्ञता का जीवंत प्रतीक बना, जो अपने ज्ञान, अनुभव, संवेदनशीलता और निस्वार्थ सेवा से प्रतिदिन अनगिनत जिंदगियों को नया जीवन प्रदान कर रहे हैं।


