संतोष पांडेय का कांग्रेस पर तीखा हमला : “भाजपा में सब चौकीदार, कांग्रेस में सब चमचे”, लगातार जारी बयानबाजी पर भी उठाया प्रश्न


त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****/ रायपुर, 11 सितंबर 2025 – भाजपा के मुख्य प्रवक्ता एवं सांसद संतोष पांडेय ने कांग्रेस पार्टी पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि भाजपा में हर कार्यकर्ता देश और समाज के सेवा में तत्पर चौकीदार की भूमिका निभाता है, जबकि कांग्रेस पार्टी में कार्यकर्ता नहीं, चमचे हैं। उन्होंने कांग्रेस पर अंदरूनी गुटबाजी, बयानबाजी और कार्यकर्ताओं के अपमान की कड़ी निंदा की।
संतोष पांडेय ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी देश के प्रधान सेवक के रूप में देश को निरंतर विकास की राह पर अग्रसर कर रहे हैं। वहीं, कांग्रेस के पूर्व मंत्री ताम्रध्वज साहू द्वारा दिए गए विवादित बयानों पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस में लगातार चर्चित होने का दौर जारी है। श्री पांडेय ने बताया कि कांग्रेस के नेता अपने कार्यकर्ताओं को खुलेआम ‘स्लीपर सेल’ और ‘चमचा’ कहकर संबोधित करते हैं, जबकि राष्ट्रीय स्तर के नेता भी ऐसी अपमानजनक शब्दावली का प्रयोग कर चुके हैं।
संतोष पांडेय ने कहा कि कांग्रेस की अंदरूनी गुटबाजी इतनी बढ़ चुकी है कि पूर्व मंत्री रविंद्र चौबे भूपेश बघेल को पुनः प्रदेश अध्यक्ष बनाने की बात कर रहे हैं। वहीं, प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज अपनी उधार की कार्यकारिणी चला रहे हैं और गुटबाजी के चलते आज तक स्थायी कार्यकारिणी नहीं बना पाए हैं। उदाहरण स्वरूप, बिलासपुर में एक आदिवासी नेता के भाषण के दौरान जबरन माइक छीनकर बोलने से रोक दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस में संवाद नहीं विवाद अधिक हो रहा है। टी.एस. बाबा के विवादित प्रकरण से लेकर ताम्रध्वज साहू के बयान तक यह साफ दर्शाते हैं कि कांग्रेस पार्टी में कोई भी व्यवस्था नहीं बची है।
संतोष पांडेय ने कहा कि कांग्रेस पार्टी पूरी तरह से बिखर चुकी है। प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट भी अपनी पार्टी को एकजुट नहीं कर सके। पाँच वर्षों तक सत्ता में रहने के बाद भी हार की जिम्मेदारी कोई नहीं लेना चाहता। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के सभाओं में कार्यकर्ता और आम जनता की जगह केवल भाड़े के लोग नजर आते हैं, जो पार्टी के प्रति कोई सच्ची प्रतिबद्धता नहीं रखते।
भाजपा के मुख्य प्रवक्ता एवं सांसद संतोष पांडेय ने अंत में स्पष्ट किया कि देश व प्रदेश हित में भाजपा कार्यकर्ता चौकीदार की तरह ईमानदारी से कार्य करते हैं, जबकि कांग्रेस की मानसिकता केवल खुद के स्वार्थ पर आधारित है। उन्होंने कांग्रेस को पत्रकारों, कार्यकर्ताओं और जनता के बीच से कटते हुए बताते हुए इसे खंडित राजनीतिक संगठन करार दिया।

