बालको ने मजदूर दिवस पर दोहराया – ‘सुरक्षित, डिजिटल और समावेशी कार्यस्थल’ का संकल्प




सुरक्षा, तकनीक और स्वास्थ्य की दिशा में लगातार कर रहा है नवाचार
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा बालकोनगर ****/ वेदांता समूह की अग्रणी एल्यूमिनियम निर्माण कंपनी भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) ने मजदूर दिवस के अवसर पर सुरक्षित, समावेशी और तकनीकी रूप से उन्नत कार्यस्थल की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया। कंपनी ने 11,000 से अधिक कर्मचारियों और व्यावसायिक साझेदारों के सहयोग से एक ऐसी कार्य संस्कृति विकसित की है जिसमें सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है, और तकनीकी नवाचारों के माध्यम से दक्षता और स्वास्थ्य दोनों को बेहतर बनाया गया है।
सुरक्षा – साझी जिम्मेदारी और संस्कृति का हिस्सा:
बालको में सुरक्षा केवल एक नीति नहीं, बल्कि जीवनशैली का हिस्सा है। प्लांट परिसर में नियमित रूप से अग्नि सुरक्षा, सड़क सुरक्षा और औद्योगिक सुरक्षा पर मासिक चर्चाएं आयोजित की जाती हैं। एआई-संचालित निगरानी प्रणालियाँ, डिजिटल डिस्प्ले और शून्य-हानि (Zero Harm) दर्शन कंपनी के सुरक्षा मानकों को मजबूत करते हैं।
तकनीकी नवाचार – दक्षता और सुरक्षा का संगम:
डिजिटलीकरण के माध्यम से बालको ने कार्य प्रक्रियाओं में दक्षता के साथ-साथ कर्मचारियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है। पॉटलाइन जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में एआर/वीआर आधारित प्रशिक्षण कर्मचारियों को सुरक्षित वातावरण में कार्य सीखने का अवसर देता है। कास्ट हाउस और मैटेरियल मूवमेंट जैसे कार्यों में रियल-टाइम डैशबोर्ड और ट्रैकिंग सिस्टम पारदर्शिता और नियंत्रण प्रदान करते हैं।
स्वास्थ्य और कल्याण – कार्यस्थल से जीवन तक:
बालको का 100+ बेड वाला मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल कर्मचारियों और उनके परिवारों को उन्नत चिकित्सा सेवाएँ प्रदान करता है। नियमित हेल्थ चेकअप, निवारक देखभाल और मेंटल वैलनेस एप्लिकेशन के माध्यम से मानसिक स्वास्थ्य पर भी विशेष ध्यान दिया जाता है। इसके साथ ही मैराथन, टूर्नामेंट, और फिटनेस पहल कर्मचारियों को शारीरिक रूप से सक्रिय और सामुदायिक रूप से जुड़ा रखते हैं।

कर्मचारियों की आवाज – गर्व और विश्वास की भावना:
हाउसकीपिंग टीम की सदस्य संतोषी चौहान ने कहा, “बालको में सुरक्षा केवल एक नियम नहीं, यह जीवन जीने का तरीका है। अनुशासन और सम्मान की यह संस्कृति मुझे गर्व और आत्मविश्वास देती है।”
नेतृत्व की भूमिका – कर्मचारियों को बताया असली ताकत:
मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं निदेशक श्री राजेश कुमार ने मजदूर दिवस के अवसर पर कहा, “हमारी हर उपलब्धि कर्मचारियों की प्रतिबद्धता, क्षमता और एक-दूसरे की परवाह करने की भावना पर आधारित है। हमारा लक्ष्य है कि वे एक ऐसे कार्यस्थल में काम करें जहाँ वे सुरक्षित, सशक्त और समर्थित महसूस करें।”
सुरक्षा और सामूहिकता को बढ़ावा देने वाले कार्यक्रम:
कंपनी ‘सुरक्षा संकल्प’, सामुदायिक मैराथन, बालको प्रीमियर लीग और वॉलीबॉल टूर्नामेंट जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से सहभागिता और संवाद को बढ़ावा देती है। ये पहलें कार्यस्थल को न केवल सुरक्षित बल्कि प्रेरणादायक और ऊर्जावान बनाती हैं।


