मड़वा ताप विद्युत भू-विस्थापित आंदोलन को कोरबा सीपीआई एवं किसान सभा ने दिया अपना समर्थन



त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी कोरबा के जिला सचिव पवन कुमार वर्मा, किसान सभा के जिला सचिव कमलेश चौहान और जिला परिषद सदस्य राममूर्ति दुबे ने मड़वा में भू-विस्थापितों के चल रहे आंदोलन को पुरजोर समर्थन देने की बात कही। उन्होंने कहा कि कोरबा जिले के हम सभी साथी आपके इस आंदोलन के साथ खड़े हैं। यहां के मड़वा ताप विद्युत प्रबंधन व शासन-प्रशासन को जल्द से जल्द बैठक आहूत कर आपकी मांगों पर सहानुभूति पूर्वक विचार करते हुए इसे पूर्ण किया जाना चाहिए। अन्यथा की स्थिति में आने वाले दिनों में इस आंदोलन का विस्तार किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार मड़वा ताप विद्युत कामगार एवं भू-विस्थापित श्रमिक संघ (एटक), जांजगीर चांपा द्वारा अटल बिहारी बाजपेयी ताप विद्युत संयंत्र के लिए अधिग्रहित भूमि के भू-विस्थापितों को नौकरी देने की मांग को लेकर 14 सितंबर से मड़वा संयंत्र के प्रवेश द्वार चौक पर चरणबद्ध तरीके से अनिश्चितकालीन आंदोलन किया जा रहा है।
वर्ष 2007 में संयंत्र स्थापना के दौर में तीनों पक्षकारों के बीच पुनर्वास नीति के तहत भू-विस्थापित खातेदार एवं सह खातेदार को नौकरी देने सहित कुछ अन्य विशेष मुद्दों पर भी महत्वपूर्ण बातें कही गई थी। लेकिन आज पर्यंत भू-विस्थापितों को ना तो नौकरी दी गई और ना ही गुजर-बसर के लिए जीवन निर्वहन भत्ता ही दिया जा रहा है।अब तक शासन-प्रशासन एवं छ.ग. राज्य विद्युत मंडल प्रबंधन द्वारा उनकी इन मांगों को संज्ञान में नहीं लिया जा रहा है, जिसे लेकर भू-विस्थापितों में गहन आक्रोश व्याप्त है।
आंदोलनरत भू-विस्थापितों ने चरणबद्ध तरीके से चल रहे अनिश्चितकालीन हड़ताल का स्वरूप बदलते हुए अब इसे क्रमिक भूख हड़ताल के रूप में तब्दील कर दिया है, जिसे विभिन्न श्रमिक यूनियन सहित क्षेत्रवासियों का बड़े पैमाने पर जनसमर्थन मिल रहा है।

