कांग्रेस शासन में बंद पड़ी रेत खदान को मंत्री ने गंभीरता से लिया..4 रेत खदान खोलने की अनुमति मिली..



रेत तस्करों के मनमानी रेट पर लगेगी लगाम
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा: शहर में रेत की किल्लत दो साल से बनी हुई हैं मजबरी में रेत तस्करों से अधिक दर में लोगो को रेत खरीदना पड़ रहा हैं।इस मामले को मंत्री लखनलाल देवांगन ने काफी गंभीरता से लिया इस वजह से 4 रेत खदान को खोलने की अनुमति मिल गई हैं जबकि शेष 14 रेत खदान जल्द ही खुलेंगी जिसके लिए प्रक्रिया जारी हैं।
जिला खनिज विभाग के सूत्रों मुताबिक जिले में 18 रेत खदान खोलने के लिए स्वीकृति मांगी गई थी। पर्यावरणीय स्वीकृति के बाद 4 रेत खदान कुदुरमाल, चुईया, दुल्लापुर व सिर्री इस सप्ताह खुल जाएगी, शेष 14 रेत खदान भी जल्द खुलेंगे, जिसके लिए प्रक्रिया जारी है।
बता दे कि जिले में पूर्व में 16 रेत खदान थी। रेत तस्करों द्वारा अवैध रूप से नदी-नाला किनारे रेत उत्खनन करने पर कई नए घाट की पहचान हुई, जिसमें कई घाट में पर्याप्त मात्रा में रेत देखकर उन्हें नए खदान खोलने का प्रस्ताव खनिज विभाग ने बनाकर मुख्यालय को भेजा था। जिससे रेत खदान की संख्या बढ़कर 18 हो गई। शहर के करीब चुईया नई रेत खदान है अब तक वहां से अवैध व खनन परिवहन होता था।
खनिज विभाग ने 18 रेत खदानों को नए नियमों से खोलने के लिए प्रक्रिया पूरी करके पर्यावरणीय मंजूरी के लिए भेजा, जिसमें से 4 खदान कुदुरमाल, चुईया, दुल्लापुर व सिर्री को मंजूरी मिलने के बाद खदान खोलने की तैयारी शुरू हो गई है। खनिज विभाग के मुताबिक 14 अन्य खदान का पर्यावरण मंजूरी बाकी है। स्वीकृति के लिए प्रकरण भेजे जो अवधि हो रहा है, उससे जल्द ही मंजूरी मिलने की उम्मीद है।
बता दे कि शहर में रेत की किल्लत करीब 2 साल से बनी हुई है, जिसका फायदा उठाते हुए रेत तस्कर नदी-नाला के किनारे से रेत का अवैध खनन और परिवहन करते हुए मनमानी कीमत पर खपा रहे हैं। मकान-दुकान निर्माण कार्य बिना रेत के अटकने की वजह से लोग भी अधिक कीमत पर ऐसे तस्करों से रेत लेने को मजबूर भी है, लेकिन नए साल से रेत की किल्लत दूर हो जाएगी
कांग्रेस शासन काल मे लंबे समय से अटकी रेत खदानों की स्वीकृति तब शुरू हुई जब शहर विधायक एवं प्रदेश के कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन के संज्ञान में यह बात सामने आई कि रेत के मामले में लोगो को भारी परेशानी हो रही हैं और रेत तस्कर मनमाना रेट वसूल रहे हैं. मंत्री देवांगन ने इस मामले को काफी गंभीरता से लिया तब जाकर शहर के समीप चुईया व कुदुरमाल व ग्रामीण अंचल में दुल्लापुर व सिर्री में रेत खदान को मंजूरी मिल गई है। रेत खदान खोलने के लिए चिन्हित स्थल पर तैयारी शुरू कर दी है। एक सप्ताह के भीतर उक्त चारों खदान खुल जाएगी,जिसके बाद शहर में चुईया व कुदुरमाल खदान से रेत की सप्लाई होने लगेगी। वर्तमान में जिले में एक मात्र कुटेश्वरनगोई (बांगो) रेत खदान चल रहा है। बाकी सभी रेत खदान बंद है।

