August 23, 2026

त्रिनेत्र टाईम्स

खबरें जरा हट के

कोरबा ग्राम जवाली में दुर्लभ प्रजाति का पैंगोलिन दिखने से मची अफरा-तफरी

1 min read

 


वन विभाग ने किया रेस्क्यू
कोरबा जिलान्तर्गत बांकीमोंगरा कटघोरा विकासखंड के ग्राम जवाली में दुर्लभ प्रजाति का पैंगोलिन मिलना ग्रामीणो और जिलेवासियो के बीच कौतूहल का विषय बन गया है। ग्रामीणों के बीच इस दुर्लभ प्रजाति को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं व्याप्त हैं। ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग के एक दल ने पैंगोलिन को रेस्क्यू किया। बांकीमोंगरा कटघोरा विकासखंड के ग्राम जवाली में दुर्लभ प्रजाति के जानवर पैंगोलिन दिखने से ग्राम में अफरा-तफरी मच गई। इसकी सूचना तत्काल ग्रामीणों ने वन विभाग की टीम को दी। वन विभाग की टीम ने उसे रेस्क्यू किया। ग्रामीणों ने बताया कि पुराने समय में इस जानवर को खपरी के नाम से भी जाना जाता था। सांप और छिपकली की तरह दिखने वाला ये दुर्लभ प्रजाति का जीव स्तनधारी जीवों की श्रेणी में आता है।
दुर्लभ प्रजाति पैंगोलिन के मिलने के बाद कुछ ही समय में उसे देखने के लिए सैकड़ों की तादाद में वहां पर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। ग्रामीणों से मिली जानकारी के अनुसार वन क्षेत्र से भटक कर यह पैंगोलिन गांव में पहुंचा और गांव के अम्बेडकर मोहल्ला जवाली की गली में रात को 9 से 10 बजे के बीच देखा गया, एक ग्रामीण ने बताया की रात को 9 बजे के आस-पास घर के बाहर खाना खाकर टहलने के लिए निकला था। तभी घर से लगे दुकान की शटर से आवाज आने लगी, वह तेजी से घर की ओर गया और टार्च की रोशनी में देखा कि दुर्लभ प्रजाति का जीव है। वह चिल्लाकर आसपास के लोगों बुलाया, तब जाकर पता कि वह दुर्लभ प्रजाति का जीव पेंगोलिन हैं। रात्रि में ही वन विभाग को इसकी सूचना दी गई। सूचना मिलते ही तत्काल वन विभाग ने इस दुर्लभ प्रजाति पैंगोलिन का रेस्क्यू किया। लोगों के लिए यह एक अचरज भरा अनुभव था। कुछ लोग इस जीव को देखकर डर भी गए थे। इस जीव ने किसी भी इंसान को हानि नहीं पहुंचाया बल्कि वह अपनी धुन में इधर-उधर भटकता रहा। बता दें कि पैंगोलिन एक स्तनधारी जानवर है। यह एक दुर्लभ जानवर है।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed

Copyright © All rights reserved. | Newsphere by AF themes.