प्रधानमंत्री के दिवंगत पिता पर टिप्पणी से भड़का भाजयुमो, दंतेवाड़ा में खड़गे के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन और पुतला दहन
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संतोष गुप्ता ने कांग्रेस पर लगाए राजनीतिक मर्यादाएं लांघने के आरोप, राहुल असरानी बोले—खड़गे देश से सार्वजनिक रूप से माफी मांगें
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**// दंतेवाड़ा, 26 अक्टूबर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिवंगत पिता को लेकर कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की कथित टिप्पणी के विरोध में भारतीय जनता युवा मोर्चा ने दंतेवाड़ा में मोर्चा खोल दिया। भाजयुमो के नेतृत्व में बस स्टैंड पर जोरदार विरोध प्रदर्शन करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष का पुतला दहन किया गया। प्रदर्शन के दौरान भाजपा और युवा मोर्चा के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने टिप्पणी की कड़ी निंदा करते हुए इसे राजनीतिक मर्यादाओं और भारतीय संस्कारों के विरुद्ध बताया। भाजपा नेताओं ने कहा कि राजनीतिक विरोध अपनी जगह है, लेकिन किसी के दिवंगत परिजन को निशाना बनाना स्वीकार्य नहीं हो सकता।
प्रदर्शन के माध्यम से भाजपा नेताओं ने कांग्रेस नेतृत्व से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग उठाई। इस दौरान कांग्रेस के खिलाफ नाराजगी जाहिर करते हुए कार्यकर्ताओं ने कहा कि राजनीति में वैचारिक मतभेद हो सकते हैं, लेकिन व्यक्तिगत और पारिवारिक विषयों को विवाद का आधार बनाना उचित नहीं है।
राजनीतिक हताशा में भाषा की मर्यादा भूल रही कांग्रेस : संतोष गुप्ता
भाजपा जिलाध्यक्ष संतोष गुप्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विरोध करते-करते कांग्रेस अब भाषा की मर्यादा और भारतीय संस्कारों की सीमाओं को भी लांघती दिखाई दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक हताशा में कांग्रेस का नेतृत्व ऐसे बयान दे रहा है, जो स्वस्थ लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप नहीं हैं।
संतोष गुप्ता ने कहा कि लोकतंत्र में सरकार और प्रधानमंत्री की नीतियों की आलोचना करने का सभी को अधिकार है, लेकिन आलोचना के नाम पर दिवंगत परिजन को लेकर टिप्पणी करना राजनीतिक शिष्टाचार के विपरीत है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक जीवन में रहने वाले नेताओं से जिम्मेदार भाषा और मर्यादित आचरण की अपेक्षा की जाती है।
खड़गे सार्वजनिक रूप से माफी मांगें : राहुल असरानी
भाजयुमो जिलाध्यक्ष राहुल असरानी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राजनीतिक विरोध करते हुए उनके दिवंगत पिता को निशाना बनाना कांग्रेस की गिरती राजनीतिक सोच और वैचारिक दिवालियेपन को उजागर करता है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक द्वेष में भाषा की मर्यादा को नजरअंदाज करना लोकतांत्रिक मूल्यों के लिए उचित नहीं है।
राहुल असरानी ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे से मांग की कि वे अपनी टिप्पणी पर देश के सामने सार्वजनिक रूप से माफी मांगें। उन्होंने कहा कि राजनीतिक नेताओं को अपने शब्दों की गंभीरता समझनी चाहिए और सार्वजनिक जीवन में ऐसी भाषा से बचना चाहिए, जिससे राजनीतिक वातावरण में कटुता बढ़े।

जनता कांग्रेस की राजनीति को पहचान चुकी है : नंदलाल मुड़ामी
जिला पंचायत अध्यक्ष नंदलाल मुड़ामी ने कहा कि जनता राजनीतिक दलों के आचरण और उनके बयानों पर नजर रखती है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की इस तरह की टिप्पणी उसकी संस्कारहीन और ओछी राजनीति को दर्शाती है। उनके अनुसार, जनता लोकतांत्रिक तरीके से ऐसे राजनीतिक आचरण पर अपनी प्रतिक्रिया देती है और किसी भी दल को जनभावनाओं की अनदेखी नहीं करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि राजनीति में विरोध और समर्थन लोकतंत्र का हिस्सा हैं, लेकिन सार्वजनिक जीवन में मर्यादा बनाए रखना भी उतना ही आवश्यक है।
अभद्र टिप्पणी के विरोध में एकजुट हुए भाजपा कार्यकर्ता
जनपद सदस्य रामु नेताम ने कहा कि राजनीतिक विरोध की आड़ में इस प्रकार की टिप्पणी करना अनुचित है। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग दोहराई और कहा कि नेताओं को अपने वक्तव्यों में संयम बरतना चाहिए।
दंतेवाड़ा बस स्टैंड पर आयोजित इस विरोध प्रदर्शन में भाजपा और भाजयुमो के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल हुए। प्रदर्शन के जरिए भाजपा नेताओं ने कांग्रेस अध्यक्ष की टिप्पणी पर अपना विरोध दर्ज कराया और राजनीतिक संवाद में मर्यादा बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया।

बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता रहे मौजूद
इस दौरान भाजपा जिला महामंत्री सत्यजीत चौहान, जिला उपाध्यक्ष मुकेश शर्मा एवं सत्यनारायण महापात्र, पिंटू उइके, भाजपा मंडल अध्यक्ष जय भंसाली, नगर पालिका अध्यक्ष पायल गुप्ता, जनपद अध्यक्ष सुनीता भास्कर, नगर पालिका उपाध्यक्ष कैलाश गुप्त मिश्रा, जनपद उपाध्यक्ष रमेश गावड़े, राजन महेश्वरी, सरिता उइके, रुपन मंडल, निखिल नाग, लक्ष्मी यादव, दंतेश्वरी सोरी, कुंती झरना, डे नारायण, जी.डी. बैरागी, पवन कर्मा, चंद्रकांत स्वाई, सूरज सिंह, नरेश चौहान, विशेष सिंह, हितेश सिन्हा, गौरव भवानी, वेणु शंकर नेताम, शिव प्रताप, बृजेश राणा, भारती आठभईया, सुनील नाग, बालकृष्णा, नीलेश कुड़ियाम, साहित्य मंडावी, राहुल सोनवानी, प्रमोद ठाकुर, राजा साहू, आर्यन शर्मा, दीपेश पटेल, दिव्यांश ताती, गौरव ठाकुर, ऋषित राव, रवि पोयाम, अंबुज परोहा, मोनू दास मानिकपुरी और ललित सहित बड़ी संख्या में भाजपा एवं युवा मोर्चा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
दंतेवाड़ा में हुए इस प्रदर्शन के जरिए भाजपा और भाजयुमो ने स्पष्ट किया कि राजनीतिक विरोध के बावजूद भाषा की मर्यादा और सार्वजनिक जीवन के संस्कारों से समझौता नहीं किया जाना चाहिए। भाजपा नेताओं ने कांग्रेस अध्यक्ष से टिप्पणी पर सार्वजनिक स्पष्टीकरण और माफी की मांग की।
