सावन में श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर हिंदू नारायणी सेना का एसपी कार्यालय पर प्रदर्शनात्मक ज्ञापन, असामाजिक तत्वों पर कड़ी कार्रवाई की मांग



कनकीधाम मार्ग पर छेड़छाड़, मारपीट और हुड़दंग के आरोप; एसपी ने कानून व्यवस्था बनाए रखने और दोषियों पर सख्त कार्रवाई का दिया आश्वासन
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//** कोरबा। सावन माह में कनकीधाम जाने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा और कानून व्यवस्था को लेकर हिंदू नारायणी सेना के प्रमुख अरविंद अग्रवाल के नेतृत्व में संगठन के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को पुलिस अधीक्षक (एसपी) से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में संगठन ने आरोप लगाया कि सावन के प्रत्येक सोमवार को कनकीधाम जाने वाले मार्ग पर कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा श्रद्धालुओं के साथ छेड़छाड़, मारपीट, अभद्र व्यवहार तथा डीजे और फटे साइलेंसर वाली मोटरसाइकिलों के माध्यम से हुड़दंग कर धार्मिक माहौल को प्रभावित करने का प्रयास किया जाता है।
ज्ञापन में मांग की गई कि ऐसे तत्वों की पहचान कर उनके विरुद्ध तत्काल और कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि श्रद्धालु निर्भय होकर भगवान शिव के दर्शन के लिए कनकीधाम पहुंच सकें। संगठन ने कहा कि धार्मिक आस्था से जुड़े आयोजनों में किसी भी प्रकार की अराजकता या कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाना चाहिए।

हिंदू नारायणी सेना प्रमुख अरविंद अग्रवाल ने कहा कि सावन भगवान शिव की आराधना का पवित्र महीना है। बड़ी संख्या में महिलाएं, युवतियां, बुजुर्ग और कांवड़िए कनकीधाम पहुंचते हैं। ऐसे में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने मांग की कि सावन के प्रत्येक सोमवार को कनकीधाम मार्ग पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती, नियमित पेट्रोलिंग, संदिग्ध तत्वों की निगरानी तथा तेज आवाज वाले डीजे और मॉडिफाइड साइलेंसर वाली गाड़ियों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया जाए।
मुलाकात के दौरान पुलिस अधीक्षक ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि कानून हाथ में लेने वाले या शांति व्यवस्था भंग करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि पुलिस पूरी सतर्कता के साथ सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करेगी तथा शिकायत मिलने पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।
इस अवसर पर हिंदू नारायणी सेना ने शहर के लोगों से संगठन से जुड़ने और सामाजिक व धार्मिक गतिविधियों में सहयोग करने की अपील भी की। संगठन का कहना है कि समाज की एकजुटता और प्रशासन के सहयोग से ही श्रद्धालुओं को सुरक्षित एवं शांतिपूर्ण वातावरण उपलब्ध कराया जा सकता है।


