कोरबा निगम की नई पहल ‘मेयर की पाती’ — 24 घंटे में होगा पानी, बिजली और सफाई की समस्याओं का समाधान



त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****//** कोरबा। नगर पालिक निगम कोरबा ने शहरवासियों की मूलभूत समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए एक नई और जनहितैषी पहल शुरू की है। निगम के मुख्य प्रशासनिक भवन साकेत परिसर में महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत और निगम आयुक्त आशुतोष पाण्डेय ने “मेयर की पाती” व्यवस्था का शुभारंभ किया। इस पहल के माध्यम से अब शहरवासियों की पानी, बिजली और साफ-सफाई से जुड़ी समस्याओं का समाधान 24 घंटे के भीतर अनिवार्य रूप से किया जाएगा।
निगम प्रशासन के अनुसार आम नागरिक अपनी शिकायत या समस्या से संबंधित पत्र “मेयर की पाती” के लेटर बॉक्स में डाल सकेंगे। इन पत्रों को तत्काल निकालकर कंप्यूटर में दर्ज किया जाएगा और संबंधित विभाग के प्रभारी अधिकारी को व्हाट्सएप के माध्यम से भेजा जाएगा। इसके बाद अधिकारी समस्या का तुरंत संज्ञान लेते हुए निर्धारित समय सीमा के भीतर उसका समाधान करेंगे।

महापौर संजू देवी राजपूत और आयुक्त आशुतोष पाण्डेय ने कहा कि शहर के विकास, नागरिक सुविधाओं की बेहतरी और व्यवस्थाओं में सुधार के लिए लगातार नई पहल की जा रही है। “मेयर की पाती” व्यवस्था भी उसी दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे नागरिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जा सकेगा।
साकेत परिसर में लगाए गए तीन रंगों के लेटर बॉक्स
इस नई व्यवस्था के तहत निगम के साकेत स्थित मुख्य प्रशासनिक भवन के प्रवेश द्वार पर नीले, पीले और हरे रंग के तीन लेटर बॉक्स लगाए गए हैं।
नीले रंग का लेटर बॉक्स – पेयजल से जुड़ी समस्याओं के लिए
पीले रंग का लेटर बॉक्स – स्ट्रीट लाइट और विद्युत संबंधी समस्याओं के लिए
हरे रंग का लेटर बॉक्स – साफ-सफाई से जुड़ी शिकायतों के लिए
शहरवासी अपनी समस्या के अनुसार संबंधित रंग के लेटर बॉक्स में आवेदन डाल सकेंगे।
प्रभारी अधिकारियों की तय होगी जवाबदेही
निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि लेटर बॉक्स में प्राप्त सभी शिकायतों को तत्काल दर्ज कर संबंधित विभाग के प्रभारी अधिकारी को भेजा जाएगा। अधिकारी शिकायत मिलते ही समस्या का समाधान करने के लिए आवश्यक कार्रवाई करेंगे और 24 घंटे के भीतर संतोषजनक निराकरण करना अनिवार्य होगा।
यदि किसी विशेष कारण से समस्या का समाधान निर्धारित समय सीमा में संभव नहीं हो पाता है, तो संबंधित अधिकारी को उसका ठोस कारण बताते हुए निगम आयुक्त को प्रतिवेदन देना होगा और यह भी बताना होगा कि समस्या का समाधान कब तक किया जा सकेगा। इस व्यवस्था से अधिकारियों की जवाबदेही तय होगी और नागरिकों को त्वरित राहत मिल सकेगी।
“मेयर की पाती” के शुभारंभ अवसर पर पूर्व सभापति रामनारायण सोनी, एमआईसी सदस्य अजय गोंड़, पार्षद पंकज देवांगन, अशोक चावलानी, अपर आयुक्त विनय मिश्रा, उपायुक्त पवन वर्मा, कार्यपालन अभियंता राकेश मसीह, निगम सचिव रामेश्वर सिंह कंवर, सहायक अभियंता राहुला मिश्रा, रितेश सिंह, प्रभारी संपदा अधिकारी सचिन तिवारी, स्वच्छता निरीक्षक सचीनद्र थाईवत, गिरवर विश्वकर्मा सहित निगम के अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
निगम की इस पहल को शहरवासियों के लिए त्वरित समाधान और बेहतर नगर व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


