एसईसीएल में 49वीं त्रिपक्षीय खान सुरक्षा समिति की बैठक संपन्न — पहली बार ठेकेदार श्रमिकों के प्रतिनिधि भी हुए शामिल



त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **/ साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) बिलासपुर मुख्यालय में 8 अगस्त 2025 को खान सुरक्षा महानिदेशालय, पश्चिमी अंचल नागपुर एवं उसके रायगढ़ क्षेत्र, बिलासपुर क्षेत्र–I एवं क्षेत्र–II, तथा उत्तरी अंचल गाजियाबाद एवं उसके जबलपुर क्षेत्र के तत्वावधान में 49वीं त्रिपक्षीय खान सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता एसईसीएल के सीएमडी श्री हरीश दुहन ने की।
बैठक में प्रमुख उपस्थिति
एसईसीएल शीर्ष प्रबंधन से निदेशक (तकनीकी/संचालन) एन. फ्रेंकलिन जयकुमार, निदेशक (एचआर) बिरंची दास, निदेशक (वित्त) डी. सुनील कुमार, मुख्यालय के विभागाध्यक्ष, क्षेत्रीय महाप्रबंधक एवं एरिया सेफ्टी ऑफिसर शामिल हुए।
खान सुरक्षा महानिदेशालय से उप महानिदेशक, पश्चिमी अंचल, नागपुर रामावतार मीना, उप महानिदेशक, उत्तरी अंचल, गाजियाबाद नीरज कुमार, निदेशक खान सुरक्षा, रायगढ़ क्षेत्र बी.बी. सटीयार, निदेशक खनन, पश्चिमी अंचल, नागपुर आफताब अहमद, निदेशक खान सुरक्षा, बिलासपुर क्षेत्र–I एम.के. सिन्हा, निदेशक खान सुरक्षा, बिलासपुर क्षेत्र–II आर.के. सिंह, निदेशक विद्युत, पश्चिमी अंचल, नागपुर टी. श्रीनिवास व आनंद अग्रवाल, निदेशक विद्युत, उत्तरी अंचल, गाजियाबाद बी. बेहेरा, निदेशक यांत्रिकी, पश्चिमी अंचल, नागपुर पंकज जैन व रूपेश कुमार श्रीवास्तव, निदेशक खान सुरक्षा, रायगढ़ क्षेत्र एस. चिर्रा, निदेशक खान सुरक्षा, जबलपुर क्षेत्र शेख गुलाब (वीसी के माध्यम से) उपस्थित रहे। साथ ही उप-निदेशक विद्युत, पश्चिमी अंचल, नागपुर गौरव लढहा, उप-निदेशक यांत्रिकी, पश्चिमी अंचल, नागपुर विजय एच. पाटील तथा उप-निदेशक यांत्रिकी, उत्तरी अंचल, गाजियाबाद उमेश कुमार साहू भी मौजूद रहे।
श्रमिक संगठनों का प्रतिनिधित्व
श्रम संघों की ओर से आनंद मिश्रा (एचएमएस), संजय सिंह (बीएमएस), बी. धर्मा राव (एटक), कमलेश शर्मा (एसईकेएमसी), इंद्रदेव चौहान (सीटू) और जी.एस. प्रसाद (सीएमओएआई) ने भाग लिया।
विशेष पहल
इस बार बैठक में एक अहम पहल के तहत पहली बार ठेकेदार श्रमिकों के प्रतिनिधियों को भी शामिल किया गया। इसका उद्देश्य उन्हें खदान में सुरक्षा उपायों के महत्व एवं उनके अनुपालन के प्रति जागरूक करना था, जिससे कार्यस्थल पर सुरक्षा संस्कृति को और मजबूत किया जा सके।
बैठक में विभिन्न क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों के पालन, दुर्घटना रोकथाम उपायों, प्रशिक्षण कार्यक्रमों और सुरक्षा जागरूकता अभियानों पर विस्तृत चर्चा की गई। समिति ने ठेकेदार वर्कर्स की सुरक्षा प्रशिक्षण व्यवस्था को और प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया।


