छत्तीसगढ़ की बेटी सुनीता देवांगन को राष्ट्रीय मंच पर बड़ी जिम्मेदारी, महिला फुटबॉल महासंघ की कार्यकारिणी में मिली जगह
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जमशेदपुर के वार्षिक अधिवेशन में ऑल इंडिया महिला फुटबॉल एसोसिएशन का पुनर्गठन, देशभर के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में नई राष्ट्रीय टीम का गठन; छत्तीसगढ़ से शेख मोहम्मद जावेद फिर महासचिव, सुनीता देवांगन राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य बनीं
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//** कोरबा। महिला फुटबॉल को देश के कोने-कोने तक मजबूत आधार देने की दिशा में ऑल इंडिया महिला फुटबॉल एसोसिएशन ने संगठनात्मक स्तर पर महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए अपनी राष्ट्रीय कार्यकारिणी का पुनर्गठन किया है। इस पुनर्गठन में छत्तीसगढ़ को भी अहम प्रतिनिधित्व मिला है। कोरबा की सुनीता देवांगन को राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य की जिम्मेदारी सौंपे जाने से प्रदेश के महिला फुटबॉल जगत में उत्साह का माहौल है।
एसोसिएशन का वार्षिक अधिवेशन 24 अगस्त 2026 को झारखंड के जमशेदपुर स्थित कैनल लाइट होटल में आयोजित हुआ। देश के विभिन्न राज्यों से जुड़े पदाधिकारी, खेल प्रतिनिधि और संगठन के सदस्य अधिवेशन में शामिल हुए। इसी दौरान राष्ट्रीय कार्यकारिणी के पुनर्गठन की प्रक्रिया पूरी की गई।
नई राष्ट्रीय टीम में प्रमुख जिम्मेदारियां तय
अधिवेशन में सर्वसम्मति से गुंजन कुमारी सिंह को राष्ट्रीय चेयरमैन तथा मो. कासिम अंसारी को अध्यक्ष चुना गया। वहीं छत्तीसगढ़ से शेख मोहम्मद जावेद को लगातार दूसरी बार महासचिव की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई।
इसके साथ ही साजी टी. जॉन कोषाध्यक्ष बनाए गए, जबकि छत्तीसगढ़ की सुनीता देवांगन को राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य के रूप में स्थान मिला।

राष्ट्रीय कार्यकारिणी में देश के अलग-अलग राज्यों से प्रतिनिधियों को शामिल किया गया है, जिनमें पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र, दिल्ली, पंजाब, बिहार, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, ओडिशा, उत्तराखंड, राजस्थान और असम सहित कई राज्यों के पदाधिकारी एवं सदस्य शामिल हैं।
सुनीता देवांगन की नियुक्ति को महिला फुटबॉल के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा
राष्ट्रीय कार्यकारिणी में सुनीता देवांगन को जिम्मेदारी मिलने से छत्तीसगढ़ के महिला फुटबॉल खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी बात रखने के लिए एक मजबूत प्रतिनिधित्व मिलने की उम्मीद है।
राष्ट्रीय कार्यकारिणी का हिस्सा बनने के बाद महिला खिलाड़ियों के लिए बेहतर अवसर, प्रतियोगिताओं के विस्तार और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने जैसे विषयों पर काम करने का रास्ता और मजबूत हो सकता है।
महिला फुटबॉल को गांव से राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने पर जोर
अधिवेशन में देश में महिला फुटबॉल को और अधिक व्यापक बनाने को लेकर विस्तृत चर्चा हुई। संगठन के पदाधिकारियों ने खिलाड़ियों को बेहतर अवसर और प्रतिस्पर्धी मंच उपलब्ध कराने, राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं को बढ़ावा देने तथा विभिन्न राज्यों के बीच खेल गतिविधियों को मजबूत करने की दिशा में आगे बढ़ने पर जोर दिया।
बैठक में यह भी चर्चा हुई कि आगामी आयोजनों में देश के विभिन्न राज्यों की महिला फुटबॉल टीमें हिस्सा लेंगी। इससे खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के साथ-साथ उच्च स्तर की प्रतिस्पर्धा का अनुभव प्राप्त होगा।
छत्तीसगढ़ को दोहरी जिम्मेदारी—महासचिव के बाद अब कार्यकारिणी में भी प्रतिनिधित्व
राष्ट्रीय संगठन में छत्तीसगढ़ की भागीदारी को इस बार विशेष महत्व मिला है। शेख मोहम्मद जावेद का दूसरी बार महासचिव चुना जाना जहां संगठन में प्रदेश की भूमिका को मजबूत करता है, वहीं सुनीता देवांगन का राष्ट्रीय कार्यकारिणी में चयन महिला फुटबॉल से जुड़े मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिनिधित्व देने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
खेलप्रेमियों और महिला फुटबॉल से जुड़े लोगों ने उम्मीद जताई है कि नई कार्यकारिणी के माध्यम से देश में महिला फुटबॉल के लिए प्रतियोगिताओं का विस्तार होगा और नई प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के अधिक अवसर मिलेंगे।
अब नजर आगामी प्रतियोगिताओं पर
राष्ट्रीय कार्यकारिणी के पुनर्गठन के बाद अब खेल जगत की नजर एसोसिएशन के आगामी आयोजनों पर है। विभिन्न राज्यों की टीमों की भागीदारी से होने वाली प्रतियोगिताएं महिला खिलाड़ियों के लिए बड़ा मंच साबित हो सकती हैं।
महिला फुटबॉल को जमीनी स्तर से राष्ट्रीय स्तर तक मजबूत करने की दिशा में यदि प्रशिक्षण, प्रतियोगिता और प्रतिभा चयन की प्रक्रिया को और व्यवस्थित किया जाता है, तो आने वाले समय में देश को नई महिला फुटबॉल प्रतिभाएं मिलने की उम्मीद बढ़ेगी।
सुनीता देवांगन की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में नियुक्ति और शेख मोहम्मद जावेद का लगातार दूसरी बार महासचिव चुना जाना छत्तीसगढ़ के लिए निश्चित रूप से एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।







