तस्वीरों के आईने में फिर लौटे पुराने दिन, मुख्यमंत्री साय ने खुद थामा कैमरा
1 min read



‘दृश्य संवाद 2026’ के समापन में दिखा मुख्यमंत्री का आत्मीय अंदाज, पहली बार विधायक बनने से लेकर खेती-किसानी तक की यादें हुईं ताजा
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//** रायपुर, 23 अगस्त 2026। राजधानी रायपुर में रविवार को तस्वीरों ने सिर्फ कहानियां नहीं सुनाईं, बल्कि बीते वर्षों की यादों को जीवंत कर दिया। पांच दिवसीय फोटो जर्नलिस्ट फेस्ट ‘दृश्य संवाद 2026’ के समापन समारोह में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय जब फोटो प्रदर्शनी का अवलोकन करने पहुंचे तो कई तस्वीरों ने उन्हें उनके सार्वजनिक जीवन के उन दौरों में पहुंचा दिया, जिन्हें वे लंबे समय से पीछे छोड़ चुके थे। पहली बार विधायक बनने की स्मृतियों से लेकर गांव, खेत-खलिहान और खेती-किसानी से जुड़े पल एक-एक कर उनकी आंखों के सामने जीवंत होते गए।
रायपुर प्रेस क्लब द्वारा विश्व फोटोग्राफी दिवस के अवसर पर आयोजित इस पांच दिवसीय आयोजन में मुख्यमंत्री ने विभिन्न श्रेणियों में प्रदर्शित तस्वीरों का अवलोकन किया। प्रदर्शनी में प्रकृति, पर्यावरण, संस्कृति, परंपरा, समाचार और जनसरोकार से जुड़ी तस्वीरों के माध्यम से छत्तीसगढ़ के सामाजिक जीवन और बदलते परिवेश की जीवंत तस्वीर पेश की गई।
एक तस्वीर ने याद दिलाया विधायक बनने का पहला दौर
प्रदर्शनी के दौरान मुख्यमंत्री साय की नजर अपने राजनीतिक जीवन के शुरुआती दौर की एक पुरानी तस्वीर पर पड़ी। तस्वीर देखते ही उनसे जुड़ी पुरानी स्मृतियां ताजा हो गईं। उन्होंने अपने साथ मौजूद लोगों के साथ उस समय का एक रोचक प्रसंग साझा किया। मुख्यमंत्री ने बताया कि पहली बार विधायक बनने के अवसर पर उन्होंने विशेष रूप से सफारी सूट सिलवाया था।
पुरानी तस्वीर और उससे जुड़ी यह छोटी-सी याद प्रदर्शनी के माहौल को बेहद आत्मीय बना गई। कुछ क्षणों के लिए मुख्यमंत्री के राजनीतिक सफर की औपचारिकता पीछे छूट गई और तस्वीरों के बहाने उनके जीवन का एक सहज पक्ष सामने आया।
खेत में हल चलाते दिखे तो याद आए गांव के दिन
प्रदर्शनी में मुख्यमंत्री के ग्रामीण जीवन से जुड़ी तस्वीरों ने भी खासा ध्यान आकर्षित किया। खेत में हल चलाते हुए उनकी तस्वीर सामने आई तो मुख्यमंत्री ने अपने खेती-किसानी के दिनों को याद किया। उन्होंने कहा कि गांव, खेत और मिट्टी से जुड़ी तस्वीरें उन्हें अपने पुराने दिनों की याद दिलाती हैं।
इन तस्वीरों के माध्यम से मुख्यमंत्री ने फोटो पत्रकारों के साथ ग्रामीण जीवन और खेती-किसानी से जुड़े अपने अनुभव भी साझा किए। प्रदर्शनी में मौजूद लोगों के लिए यह क्षण इसलिए भी खास रहा क्योंकि तस्वीरों में प्रदेश के मुख्यमंत्री का एक ऐसा जीवन नजर आ रहा था, जो आज भी उनकी जड़ों और ग्रामीण परिवेश से गहराई से जुड़ा हुआ है।

जब मुख्यमंत्री बने फोटो जर्नलिस्ट
‘दृश्य संवाद 2026’ का सबसे दिलचस्प और यादगार क्षण उस समय सामने आया, जब मुख्यमंत्री साय ने स्वयं कैमरा हाथ में उठा लिया। आमतौर पर फोटो पत्रकार जिनके हर कदम और हर भाव को कैमरे में कैद करते हैं, इस बार वही मुख्यमंत्री कैमरे के पीछे नजर आए।
मुख्यमंत्री ने एक फोटो जर्नलिस्ट की तस्वीर स्वयं कैमरे से खींची। अचानक बदली इस भूमिका ने वहां मौजूद लोगों के चेहरों पर मुस्कान ला दी। यह सहज पल पूरे आयोजन की सबसे आकर्षक तस्वीरों में शामिल हो गया।
मुख्यमंत्री ने कहा—तस्वीरें समय की सबसे खामोश कहानी हैं
मुख्यमंत्री साय ने फोटो पत्रकारिता की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि तस्वीरें केवल किसी घटना को रिकॉर्ड करने का माध्यम नहीं हैं, बल्कि वे समय, समाज, इतिहास और मानवीय स्मृतियों को आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखने का काम करती हैं। कई बार एक तस्वीर बिना एक भी शब्द बोले पूरी कहानी कह देती है।
उन्होंने कहा कि फोटो पत्रकार कठिन परिस्थितियों में भी घटनास्थल तक पहुंचते हैं और समाज तथा इतिहास के महत्वपूर्ण क्षणों को अपने कैमरे में दर्ज करते हैं। पत्रकारिता में फोटो पत्रकारिता का अपना विशिष्ट महत्व है और एक प्रभावशाली तस्वीर लंबे समय तक लोगों की स्मृति में बनी रह सकती है।
‘दृश्य संवाद’ ने दिखाई छत्तीसगढ़ की बदलती तस्वीर
रायपुर प्रेस क्लब के इस आयोजन में प्रेस फोटो पत्रकारों के साथ ओपन कैटेगरी के प्रतिभागियों को भी अपनी तस्वीरें प्रदर्शित करने का अवसर मिला। प्रदर्शनी में प्रकृति एवं पर्यावरण, संस्कृति एवं परंपरा, समाचार एवं जनसरोकार सहित विभिन्न विषयों पर आधारित तस्वीरें प्रदर्शित की गईं।
इन तस्वीरों में कहीं छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक खूबसूरती दिखाई दी तो कहीं लोक संस्कृति और परंपराओं की झलक नजर आई। वहीं सामाजिक सरोकारों से जुड़ी तस्वीरों ने प्रदेश के जनजीवन की वास्तविक तस्वीर सामने रखी। पांच दिनों तक चली इस प्रदर्शनी को पत्रकारों, विद्यार्थियों, फोटोग्राफी प्रेमियों और आम नागरिकों ने बड़ी संख्या में देखा।
मुख्यमंत्री ने आयोजकों और फोटो पत्रकारों को दी बधाई
मुख्यमंत्री साय ने ‘दृश्य संवाद 2026’ जैसे आयोजन को रचनात्मकता और फोटो पत्रकारिता के लिए महत्वपूर्ण मंच बताते हुए रायपुर प्रेस क्लब की पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी को अनुभवी फोटो पत्रकारों के कार्य को करीब से देखने और उनसे सीखने का अवसर मिलता है।
उन्होंने आयोजन की सफलता के लिए रायपुर प्रेस क्लब के पदाधिकारियों, फोटो जर्नलिस्टों और सभी प्रतिभागियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
ये रहे मौजूद
समापन समारोह में रायपुर प्रेस क्लब के अध्यक्ष मोहन तिवारी, महासचिव गौरव शर्मा, उपाध्यक्ष दिलीप साहू, कोषाध्यक्ष दिनेश यदु, संयुक्त सचिव निवेदिता साहू एवं भूपेश जांगड़े उपस्थित रहे।
इस अवसर पर फोटो जर्नलिस्ट फेस्ट के संयोजक दीपक पांडे, वरिष्ठ फोटो जर्नलिस्ट गोकुल सोनी, प्रदीप डडसेना, राजकुमार चतुर्वेदी, रुपेश यादव, नरेंद्र बंगाले, सुधीर सागर, रमन हलवाई, किशन लोखंडे, मनोज देवांगन, विजय देवांगन, विनय घाड़गे, पंकज चौहान, हीरा मानिकपुरी, त्रिलोचन मानिकपुरी, हेमंत गोस्वामी, जय गोस्वामी और पंकज सिंह सहित बड़ी संख्या में फोटो जर्नलिस्ट एवं गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
‘दृश्य संवाद 2026’ का समापन सिर्फ एक फोटो प्रदर्शनी का समापन नहीं रहा, बल्कि तस्वीरों के जरिए स्मृतियों, संघर्षों, संस्कृति और समाज से संवाद का ऐसा अवसर बना, जहां कैमरे ने वर्तमान को दर्ज करने के साथ अतीत को भी एक बार फिर जीवंत कर दिया।







