“संस्कार, शिक्षा और ग्रामोत्थान का संगम : देवपहरी में एकल अभियान का पाँच दिवसीय आचार्य प्रशिक्षण वर्ग उत्साहपूर्वक सम्पन्न”



: पंचमुखी शिक्षा के माध्यम से आचार्यों को मिला व्यवहारिक प्रशिक्षण, साइबर जागरूकता, वन संरक्षण और सामाजिक दायित्वों पर भी हुआ विशेष मार्गदर्शन।
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//** देवपहरी कोरबा ग्रामीण भारत के सर्वांगीण विकास और संस्कारित शिक्षा के संकल्प को साकार करने की दिशा में एकल अभियान अंचल कोरबा द्वारा आयोजित पाँच दिवसीय आचार्य प्रशिक्षण वर्ग का देवपहरी में सफलतापूर्वक एवं गरिमामय समापन हुआ। 16 जुलाई से 20 जुलाई 2026 तक आयोजित इस प्रशिक्षण वर्ग में संच देवपहरी, बालको एवं मोरगा के आचार्यों को शिक्षा, संस्कार, ग्राम विकास, स्वास्थ्य एवं स्वावलंबन जैसे पंचमुखी विषयों का व्यवहारिक एवं प्रेरणादायी प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
प्रशिक्षण वर्ग का शुभारंभ संच समिति संरक्षक प्रेमदास महंत, हरि शंकर यादव एवं अध्यक्ष धन सिंह कंवर की गरिमामयी उपस्थिति में माँ सरस्वती एवं भारत माता के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। इसके पश्चात ओंकार मंत्र, गायत्री मंत्र, सरस्वती वंदना एवं श्री हनुमान चालीसा के सामूहिक पाठ ने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक एवं संस्कारमय बना दिया।

प्रशिक्षण वर्ग के दौरान अंचल प्राथमिक शिक्षा प्रशिक्षण प्रमुख रूपलाल सोरठे सहित संच प्रशिक्षक जयपाल टेकाम, कौस्तुक राज, शीतला पटेल, अयोध्या निर्मलकर, जीनू महंत, प्रीति विश्वकर्मा एवं चंद्रा कुमार राठिया ने प्राथमिक शिक्षा के सातों विषयों एवं पंचमुखी शिक्षा की अवधारणा पर विस्तारपूर्वक प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षकों ने आचार्यों को शिक्षा को व्यवहारिक रूप से ग्राम स्तर तक पहुँचाने के विविध आयामों से अवगत कराया।
कार्यक्रम की एक विशेष उपलब्धि यह रही कि लेमरू थाना प्रभारी सुमन लाल पोया ने प्रशिक्षण वर्ग में उपस्थित होकर साइबर अपराधों से बचाव, डिजिटल सुरक्षा एवं सामाजिक जागरूकता पर महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में साइबर ठगी से बचने के लिए आवश्यक सावधानियों पर भी प्रकाश डाला।
वहीं अंचल अभियान प्रमुख वेद प्रसाद यादव ने प्रशिक्षण वर्ग का अवलोकन करते हुए समीक्षा सत्र लिया तथा आचार्यों को एकल अभियान के मूल उद्देश्यों को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने हेतु प्रेरित किया। उनके प्रेरणादायी उद्बोधन ने प्रशिक्षणार्थियों में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार किया।
वन विभाग लेमरू के अधिकारी विकास बनर्जी के मार्गदर्शन में डिप्टी रेंजर विमलता, संतोष कुमार ध्रुव एवं परिसर रक्षक जय कुमार कंवर ने वन संरक्षण, पर्यावरण संवर्धन तथा विभाग की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी साझा की। उन्होंने ग्राम स्तर पर पर्यावरण संरक्षण में जनभागीदारी की आवश्यकता पर भी विशेष बल दिया।
पाँच दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग का समापन समारोह अत्यंत गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर संच समिति संरक्षक प्रेमदास महंत, अध्यक्ष धन सिंह कंवर, सचिव कृष्णा कुमार कंवर, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ कोरबा के जिला प्रचारक उमेंद शाहू एवं अंचल अभियान प्रमुख वेद प्रसाद यादव की विशेष उपस्थिति रही। सभी अतिथियों ने आचार्यों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके सामाजिक दायित्वों एवं राष्ट्र निर्माण में भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम के दौरान प्रेमदास महंत द्वारा प्रस्तुत आकर्षक हस्तकला ने सभी उपस्थितजनों का मन मोह लिया। उनकी रचनात्मक प्रस्तुति ने प्रशिक्षण वर्ग के वातावरण को और अधिक आनंदमय एवं प्रेरणादायी बना दिया।
प्रशिक्षण वर्ग की सफल व्यवस्था में संच समिति संरक्षक अमृतलाल राठिया का भवन व्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान रहा, जबकि समिति सचिव कृष्णा कुमार कंवर ने प्रशिक्षण अवधि के दौरान आचार्यों के स्वास्थ्य एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का विशेष ध्यान रखकर कार्यक्रम को सुव्यवस्थित एवं सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई।
अंत में सभी आचार्यों एवं अतिथियों ने सामूहिक भोजन ग्रहण कर सौहार्द एवं संगठनात्मक एकता का परिचय दिया। पाँच दिवसीय इस प्रशिक्षण वर्ग ने न केवल आचार्यों के ज्ञान और कौशल का विकास किया, बल्कि उन्हें समाज एवं ग्राम विकास के प्रति अपने दायित्वों को और अधिक प्रभावी ढंग से निभाने के लिए प्रेरित भी किया। एकल अभियान के इस प्रयास को ग्रामीण भारत में शिक्षा, संस्कार और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


