“पुरानी बस्ती में नशे और अपराध के खिलाफ फूटा जनाक्रोश, सामाजिक कार्यकर्ता विशाल साहू ने पुलिस से की सख्त कार्रवाई की मांग”



त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//** कोरबा की पुरानी बस्ती क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे अवैध नशे के कारोबार, असामाजिक गतिविधियों और अपराध की घटनाओं को लेकर स्थानीय नागरिकों में भारी आक्रोश व्याप्त है। क्षेत्र को नशामुक्त और अपराधमुक्त बनाने की मांग को लेकर सामाजिक कार्यकर्ता विशाल साहू ने जिला पुलिस अधीक्षक को आवेदन सौंपकर तत्काल एवं प्रभावी कार्रवाई की मांग की है।

विशाल साहू ने अपने आवेदन में कहा है कि पुरानी बस्ती में खुलेआम नशीले पदार्थों का अवैध कारोबार संचालित होने की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं, जिससे क्षेत्र का माहौल भय और असुरक्षा का बनता जा रहा है। महिलाओं, छात्राओं और स्कूल-कॉलेज आने-जाने वाले विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर स्थानीय नागरिकों में गंभीर चिंता व्याप्त है।
उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्र में बढ़ती गुंडागर्दी और असामाजिक तत्वों की गतिविधियों के कारण आम नागरिक स्वयं को सुरक्षित महसूस नहीं कर रहे हैं। ऐसे में पुलिस प्रशासन द्वारा नियमित गश्त और अवैध गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन गई है।
जिला पुलिस अधीक्षक को सौंपे गए आवेदन में चार प्रमुख मांगें रखी गई हैं। इनमें अवैध नशे के कारोबार की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई, असामाजिक एवं आपराधिक तत्वों की पहचान कर उन पर प्रभावी कार्रवाई, पुरानी बस्ती क्षेत्र में नियमित पुलिस गश्त बढ़ाने तथा महिलाओं, छात्राओं एवं आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग शामिल है।
सामाजिक कार्यकर्ता विशाल साहू ने कहा कि पुरानी बस्ती को नशामुक्त और अपराधमुक्त बनाना केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि समाज की भी जिम्मेदारी है। उन्होंने नागरिकों से भी इस जनहित अभियान में सहयोग करने की अपील की है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते अवैध नशे के कारोबार और आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश नहीं लगाया गया, तो क्षेत्र का सामाजिक वातावरण और अधिक प्रभावित हो सकता है। नागरिकों ने पुलिस प्रशासन से शीघ्र कार्रवाई करते हुए पुरानी बस्ती में कानून व्यवस्था को और मजबूत बनाने की मांग की है।
“नशा छोड़ो, जीवन जोड़ो – अपराध रोकें, समाज बचाएं” के संदेश के साथ शुरू हुई यह मुहिम अब पुरानी बस्ती को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और अपराधमुक्त बनाने की जनआवाज बनती नजर आ रही है।


