छुरी में नगर चौपाल का आयोजन: “विकसित भारत संकल्प सभा” में गूंजा संकल्प से सिद्धि का उद्घोष




नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती पद्मिनी प्रीतम देवांगन सहित अनेक जनप्रतिनिधियों और नागरिकों की रही गरिमामय उपस्थिति
कोरबा (छुरी), 17 जून 2025।
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****/ “विकसित भारत का अमृतकाल” विषय पर केंद्रित संकल्प से सिद्धि के 11 वर्षों की गौरवगाथा पर आधारित विकसित भारत संकल्प सभा के अंतर्गत आज नगर चौपाल का भव्य आयोजन छुरी 1 शक्ति केंद्र एवं छुरी 2 शक्ति केंद्र में किया गया।

इस कार्यक्रम की मुख्य अतिथि नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती पद्मिनी प्रीतम देवांगन रहीं, जिनकी गरिमामय उपस्थिति ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया। कार्यक्रम में विधायक प्रतिनिधि श्री प्रीतम देवांगन (छुरीकला), नगर पंचायत उपाध्यक्ष श्री हीरानंद पंजवानी, संकल्प से सिद्धि तक कार्यक्रम के सह संयोजक श्री डेक्रांत देवांगन, भाजपा कटघोरा मंडल मंत्री, वरिष्ठ भाजपा नेता श्री चुन्नीलाल देवांगन, श्री महेंद्र राजपूत, श्री कृष्ण अग्रवाल, श्री उमेद देवांगन, एवं पार्षदगण श्रीमती शकुंतला गोंड, श्रीमती संगीता यादव, श्री कामता देवांगन, श्री श्यामी साहू भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में श्री रघुनंदन यादव, श्री जगराम यादव, श्री तीरथ गोंड, श्री गोकुल देवांगन, श्री रमेश श्रीवास, श्री सप्पुन महंत, श्री माधव राम, श्री गंगाराम साहू, श्री लखन देवांगन, श्री विजय बाजपेयी, श्री तरुण देवांगन, श्री लक्ष्मण देवांगन, श्री परदेशी सोनी, श्री त्रिभुवन सोनी एवं श्री संतोष श्रीवास की भी सक्रिय भागीदारी रही।
कार्यक्रम की विशेष बात यह रही कि इसमें महिला शक्ति की उत्साहजनक सहभागिता देखी गई। श्रीमती वर्षा देवांगन, श्रीमती गायत्री श्रीवास्तव, लता जी, द्विज बाई जी सहित अनेक महिलाओं ने संकल्प सभा में सक्रिय भूमिका निभाई।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत के बीते 11 वर्षों की विकास यात्रा को रेखांकित करते हुए “डबल इंजन सरकार” की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह अमृतकाल भारत को वैश्विक महाशक्ति बनाने का संकल्प काल है, और प्रत्येक कार्यकर्ता को इस संकल्प को सिद्ध करने में अपनी भूमिका निभानी होगी।
नगर चौपाल में बड़ी संख्या में नगर के गणमान्य नागरिक, भाजपा कार्यकर्ता, वरिष्ठजनों एवं महिला शक्तियों की भागीदारी रही। पूरे आयोजन का उद्देश्य जन संवाद के माध्यम से लोगों को देश के विकास कार्यों से जोड़ना और भविष्य की दिशा तय करना था।


