February 12, 2026

त्रिनेत्र टाईम्स

खबरें जरा हट के


कोरबा  राष्ट्रीय एनसीसी दिवस के मौके पर शासकीय ईवीपीजी कॉलेज में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमे बतौर मुख्य अतिथि मुकुटधर पांडे कॉलेज के पहुंचे प्राचार्य एम.एम. जोशी ने छात्रों को एनसीसी के महत्व के विषय में बताया। उन्होंने कहा कि “एनसीसी सेना तक पहुंचाने का एक प्रवेश द्वार है। छात्र अग्निवीर परीक्षा उत्तीर्ण कर इसका फायदा उठा सकते हैं। जिन छात्रों ने एनसीसी का विकल्प चुना है। उन्हें एक सुनहरा अवसर मिला है। जिसका लाभ उठाना चाहिए।” श्री जोशी ने यह भी कहा कि मैं 20 साल पी.जी. कॉलेज में एनसीसी ऑफिसर रहा। इस दौरान के ऐसे कई छात्र आज भी मेरे टच में हैं। जिन्होंने अलग-अलग विभागों में अपने प्रतिभा के दम पर नौकरी पाई है। जिन्होंने समाज मे अपना अलग स्थान बनाया हैं।
इस अवसर पर पी.जी. कॉलेज में मेधावी कैडेट्स को पुरस्कृत भी किया गया। छात्रों ने देशभक्ति की भावनाओं से भरा एक नृत्य और छत्तीसगढ़ी सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया। इस दौरान मंच पर मौजूद महाविद्यालय के अधिकारी/कर्मचारी, शिक्षक-शिक्षिका, छात्रों ने कार्यक्रम का लुत्फ उठाया।
पी.जी. कॉलेज की प्राचार्य डॉ. साधना खरे ने कहा कि एनसीसी का छात्र जीवन में खास महत्व होता है। एनसीसी के जरिए छात्र अनुशासन सीखते हैं। वह हर क्षेत्र में अलग मुकाम हासिल कर सकते हैं। इसलिए एनसीसी को अनिवार्य किया जाना चाहिए। 1 सीजी बटालियन कोरबा के सूबेदार डूंगर सिंह भी इस कार्यक्रम में पहुंचे थे। जिन्होंने कहा कि एनसीसी कैडेट एक संपूर्ण छात्र होता है। जिसमें हर तरह के गुण मौजूद होते हैं। एक कैडेट 400 से 500 छात्रों के बीच से चुना जाता है। इसलिए वह भीड़ में सबसे अलग दिखता है। एनसीसी का छात्र हर तरह के गुण से संपन्न होता है। खेल अधिकारी डॉ. बी.एस. राव, डॉ. संदीप शुक्ला, सुशील गुप्ता, सुशील अग्रवाल, डॉ. दिनेश श्रीवास सहित अन्य अधिकारी/कर्मचारी, शिक्षक-शिक्षिका और छात्र उपस्थित रहे।

 

More Stories

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Copyright © All rights reserved. | Newsphere by AF themes.