देवपुरी आंगनबाड़ी में “वजन त्यौहार” के तहत बच्चों के स्वास्थ्य की सशक्त पहल, पोषण जागरूकता से अभिभावकों को किया गया जागरूक


त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****//** कोरबा। शासन के “वजन त्यौहार” अभियान के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्र देवपुरी में बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण को लेकर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य छोटे बच्चों के नियमित वजन मापन के माध्यम से उनके शारीरिक विकास की स्थिति का आंकलन करना तथा अभिभावकों को संतुलित आहार और सही पोषण के प्रति जागरूक करना रहा। इस अवसर पर पूर्व सरपंच अमृत लाल राठिया एवं भारतीय जनता पार्टी मंडल अध्यक्ष हरीश शंकर यादव के नेतृत्व में कार्यक्रम को प्रभावी ढंग से संपन्न कराया गया।
कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग की अधिकारी सुनीता वर्मा के मार्गदर्शन में सभी बच्चों का वजन लिया गया। प्रत्येक बच्चे के वजन और उम्र के अनुसार पोषण स्तर की जानकारी अभिभावकों को दी गई। जिन बच्चों का वजन उम्र के अनुपात में कम पाया गया, उनके माता-पिता को विशेष रूप से समझाइश दी गई कि बच्चों के आहार में दूध, दलिया, दाल, हरी सब्जियां, फल और पौष्टिक भोजन को शामिल करें। साथ ही स्वच्छता, समय पर भोजन और नियमित टीकाकरण के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अतिथियों ने कहा कि बच्चों का स्वस्थ रहना ही समाज और देश के उज्ज्वल भविष्य की नींव है। पूर्व सरपंच अमृत लाल राठिया ने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से बच्चों को पोषण और देखभाल की जो सुविधाएं मिल रही हैं, उनका लाभ हर जरूरतमंद परिवार तक पहुंचना चाहिए। भाजपा मंडल अध्यक्ष हरीश शंकर यादव ने कहा कि वजन त्यौहार जैसे अभियानों से कुपोषण के खिलाफ जन-जागरूकता बढ़ती है और अभिभावकों में जिम्मेदारी की भावना मजबूत होती है।
महिला एवं बाल विकास अधिकारी सुनीता वर्मा ने बताया कि नियमित वजन मापन से बच्चों की सेहत की सही जानकारी मिलती है और समय रहते कुपोषण या कमजोरी की पहचान कर उचित पोषण और परामर्श दिया जा सकता है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे आंगनबाड़ी केंद्र से मिलने वाली सेवाओं का नियमित लाभ लें और बच्चों के खानपान व साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दें।
कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका, स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं अभिभावक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर यह संकल्प लिया कि गांव के किसी भी बच्चे को कुपोषण का शिकार नहीं होने दिया जाएगा और हर बच्चे को स्वस्थ, मजबूत और आत्मनिर्भर बनाने के लिए सामूहिक प्रयास किए जाएंगे।

