*समर्पण दिवस पर कोरबा में गूंजा एकात्म मानववाद, पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी को भाजपा का भावपूर्ण नमन*






त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ****//** कोरबा। 11 फरवरी को भारतीय जनता पार्टी द्वारा परम श्रद्धेय पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी की पुण्यतिथि प्रत्येक वर्ष समर्पण दिवस के रूप में मनाई जाती है। इसी क्रम में इस वर्ष भी 11 फरवरी को जिला भाजपा कार्यालय, कोरबा में पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी को पूर्णतः सादगी एवं श्रद्धा के साथ श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। इसके पश्चात घंटाघर स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया। लोकप्रिय व ऊर्जावान जिलाध्यक्ष श्री गोपाल मोदी, सह संभाग प्रभारी रायपुर डॉ. राजीव सिंह, महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत, अध्यक्ष छत्तीसगढ़ राज्य हाथकरघा विपणन एवं विकास संघ श्री भोजराम देवांगन के गरिमामय उपस्थिति में आयोजित इस कार्यक्रम में भाजपा के ज्येष्ठ-श्रेष्ठ कार्यकर्ता व पदाधिकारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे तथा सभी ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया।


*पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी का एकात्म मानववाद आज भी भारत के विकास का मार्गदर्शक” – श्री गोपाल मोदी*
इस अवसर पर जिलाध्यक्ष श्री गोपाल मोदी जी ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी केवल एक राजनेता ही नहीं, बल्कि एक महान चिंतक, दूरदर्शी संगठनकर्ता और राष्ट्रवादी विचारधारा के सशक्त प्रवक्ता थे। उनका संपूर्ण जीवन राष्ट्र सेवा, संगठन निर्माण तथा समाज के गरीब, वंचित और अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति के उत्थान के लिए पूर्णतः समर्पित रहा। उन्होंने कहा कि पंडित जी का “एकात्म मानववाद” का दर्शन आज भी भारत के विकास का मार्गदर्शक सिद्धांत है। यह दर्शन हमें बताता है कि विकास केवल आर्थिक वृद्धि तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि समाज के हर वर्ग का संतुलित और समग्र विकास ही सच्चे अर्थों में राष्ट्र को मजबूत बनाता है। उन्होंने अपना पूरा जीवन बिना किसी स्वार्थ के समाज और संगठन को समर्पित कर दिया, जो हम सभी कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा का सबसे बड़ा स्रोत है। जिलाध्यक्ष श्री गोपाल मोदी जी ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी का मानना था कि जब तक समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास का लाभ नहीं पहुंचेगा, तब तक राष्ट्र का विकास अधूरा रहेगा। गरीब, किसान, युवा, महिला और वंचित वर्ग के सशक्तिकरण की दिशा में हो रहे प्रयास उनके विचारों की ही परिणति हैं।


*जाति-पाती पूछे नहीं कोई, और हरि को भजे सो हरि के होइ – डॉ. राजीव सिंह*
सह संभाग प्रभारी रायपुर डॉ. राजीव सिंह जी ने अपने उद्बोधन में कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी की एक सोच थी कि जो समाज है, जो जाति है, वो हमेशा एकजुट रहे। और यही सोचते हुए उन्होंने कहा भी था कि ‘जाति-पाती पूछे नहीं कोई। और हरि को भजे सो हरि के होइ।’ जात-पात कोई नहीं पूछता है, जो भगवान का नाम लेता है, भगवान उसी का ही हो जाते है। ऐसी बात कह-कह के उन्होंने समाज को एकजुट करने का जो एक निर्णय लिया था। और हम जानते हैं कि हमारे पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी जो थे, वह त्याग, सादगी, राष्ट्रनिष्ठा, इन सब के प्रतीक थे और उन्होंने यह कहा कि यह शरीर जो होता है, यह शरीर सिर्फ शरीर नहीं रहता है। शरीर में शरीर है, मन है, बुद्धि है, आत्मा है। और जब तक शरीर, मन, बुद्धि, आत्मा चारों का तालमेल नहीं रहेगा तब तक ये शरीर स्वस्थ नहीं रह सकता है। इस अवसर पर प्रमुख रूप से पूर्व महापौर जोगेश लांबा, कोसाबाड़ी मंडल अध्यक्ष डॉ. राजेश राठौर, जिला महामंत्री अजय विश्वकर्मा, जिला कोषाध्यक्ष अजय पांडेय, एमआईसी सदस्य हितानंद अग्रवाल, जिला उपाध्यक्ष योगेश जैन, रेणुका राठिया, लक्की नंदा, जिला मंत्री अजय कंवर, प्रकाश अग्रवाल, श्रीधर द्विवेदी, अनिल वस्त्रकर, पवन सिन्हा , राम अवतार पटेल, अर्जुन गुप्ता, सह मीडिया प्रभारी शैलेन्द्र यादव, जिला अध्यक्ष महिला मोर्चा प्रीति स्वर्णकार, जिला अध्यक्ष पिछड़ा मोर्चा डॉ. विजय राठौर, राजेश लहरे, योगेश मिश्रा, प्रकाश अग्रवाल, नीरज ठाकुर, अजय चंद्रा, राकेश तलवार, लक्ष्मण श्रीवास सहित अनेक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।





