40 गांवों की आस्था एक मंच पर, गौमुखी सेवा धाम में शारदीय नवरात्रि की तैयारियों का शंखनाद
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सियान-जनों और ग्रामीणों ने बैठक में बनाई नवरात्रि आयोजन की रूपरेखा, अभिभावक बैठक में भी हुई महत्वपूर्ण चर्चा
देवपहरी, त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//**// कोरबा। घने जंगलों और प्राकृतिक परिवेश के बीच आस्था का प्रमुख केंद्र बने गौमुखी सेवा धाम में शारदीय नवरात्रि के भव्य आयोजन की तैयारियों का शंखनाद हो गया है। आगामी 11 अक्टूबर 2026 को होने वाले शारदीय नवरात्रि आयोजन को लेकर 30 सितंबर को गौमुखी सेवा धाम मंदिर परिसर में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में आसपास के लगभग 40 गांवों के सियान-जनों, प्रमुखों एवं ग्रामीणों ने सहभागिता करते हुए आयोजन को व्यवस्थित और सफल बनाने के लिए अपने विचार साझा किए।

बैठक का वातावरण केवल तैयारियों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें क्षेत्र की धार्मिक आस्था, परंपरा और सामूहिक सहभागिता की झलक भी दिखाई दी। अलग-अलग गांवों से पहुंचे वरिष्ठजनों एवं ग्रामीणों ने आगामी नवरात्रि आयोजन को लेकर आवश्यक व्यवस्थाओं, तैयारियों और जिम्मेदारियों पर विस्तार से चर्चा की। सभी ने अपने स्तर पर सहयोग करते हुए आयोजन को सफल बनाने की भावना व्यक्त की।
गौमुखी सेवा धाम में जुटे 40 गांवों के प्रतिनिधि
गौमुखी सेवा धाम क्षेत्र में धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों का महत्वपूर्ण केंद्र माना जाता है। ऐसे में शारदीय नवरात्रि जैसे बड़े धार्मिक पर्व की तैयारियों को लेकर 40 गांवों से सियान-जनों और ग्रामीणों का एक साथ जुटना आयोजन की व्यापकता और लोगों की आस्था को दर्शाता है। बैठक में श्रद्धालुओं की सहभागिता को ध्यान में रखते हुए विभिन्न आवश्यक व्यवस्थाओं पर विचार-विमर्श किया गया।
व्यवस्था से लेकर जिम्मेदारियों तक, हर पहलू पर मंथन
आगामी 11 अक्टूबर को प्रस्तावित नवरात्रि आयोजन को लेकर बैठक में पूर्व तैयारियों, आयोजन की व्यवस्था तथा विभिन्न आवश्यक जिम्मेदारियों पर चर्चा की गई। ग्रामीणों और उपस्थित प्रमुखजनों से आयोजन को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए सुझाव लिए गए। बैठक में इस बात पर विशेष जोर रहा कि नवरात्रि पर्व में आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर वातावरण और सुव्यवस्थित व्यवस्था उपलब्ध हो तथा पूरे आयोजन में सभी की सहभागिता बनी रहे।
अभिभावक बैठक में भी हुई महत्वपूर्ण चर्चा
इसी अवसर पर अभिभावक बैठक का भी आयोजन किया गया। इसमें उपस्थित अभिभावकों एवं ग्रामीणों के साथ आयोजन से जुड़े आवश्यक विषयों पर चर्चा की गई। कार्यक्रम को सफल बनाने में अभिभावकों और ग्रामीणों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए उनसे सक्रिय सहयोग का आह्वान किया गया।
आस्था, सहभागिता और परंपरा का बनेगा संगम
गौमुखी सेवा धाम में आयोजित यह बैठक आगामी शारदीय नवरात्रि की तैयारियों की दिशा में महत्वपूर्ण पड़ाव मानी जा रही है। 40 गांवों से पहुंचे सियान-जनों और ग्रामीणों की सहभागिता ने यह संदेश दिया कि धार्मिक आयोजन केवल एक गांव या एक समूह तक सीमित नहीं, बल्कि आसपास के पूरे क्षेत्र की सामूहिक आस्था और सहभागिता का पर्व बन सकता है। अब 11 अक्टूबर को गौमुखी सेवा धाम में होने वाले शारदीय नवरात्रि आयोजन को लेकर क्षेत्रवासियों में उत्साह का वातावरण है।







