महिला सम्मान पर कांग्रेस बेनकाब: 30% वादे के बावजूद सिर्फ 13% भागीदारी, लक्ष्मी वर्मा का तीखा हमला”



“‘लड़की हूँ, लड़ सकती हूँ’ नारा निकला खोखला—संगठन में महिलाओं को दरकिनार करने पर घिरी कांग्रेस”
त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा ***//*** रायपुर/बिलासपुर।
लक्ष्मी वर्मा ने कांग्रेस संगठन में महिलाओं की भागीदारी को लेकर बड़ा हमला बोला है। बिलासपुर जिले में ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों की नई कार्यकारिणी सूची जारी होने के बाद उन्होंने कांग्रेस के महिला सशक्तिकरण के दावों को “राजनीतिक पाखण्ड” करार दिया।
उन्होंने कहा कि जो पार्टी अपने संगठन के भीतर महिलाओं को सम्मानजनक और निर्धारित हिस्सेदारी नहीं दे सकती, वह देश और प्रदेश की राजनीति में महिलाओं को सशक्त करने का दावा कैसे कर सकती है।
30% का वादा, हकीकत सिर्फ 13%
राज्यसभा सांसद ने आंकड़ों के साथ कांग्रेस को घेरते हुए बताया कि जिले के 11 ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों में कुल 341 पदाधिकारियों की सूची में मात्र 43 महिलाओं को ही स्थान दिया गया है। यानी महिलाओं की भागीदारी केवल 13 प्रतिशत तक सीमित रह गई है, जबकि कांग्रेस ने 30 प्रतिशत भागीदारी का सार्वजनिक वादा किया था।
उन्होंने कहा कि यह स्थिति कांग्रेस के “कथनी और करनी” के बीच के बड़े अंतर को उजागर करती है।
राहुल-प्रियंका के नारों पर उठे सवाल
राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के बयानों पर निशाना साधते हुए वर्मा ने कहा कि मंचों से बड़े-बड़े वादे और ‘लड़की हूँ, लड़ सकती हूँ’ जैसे आकर्षक नारे देना आसान है, लेकिन जब संगठन में जिम्मेदारी देने की बात आती है, तो महिलाओं को किनारे कर दिया जाता है।
उन्होंने सवाल उठाया कि जो पार्टी अपने संगठन में 30% आरक्षण लागू नहीं कर पा रही, वह लोकसभा और विधानसभा में 33% महिला आरक्षण के प्रति कितनी ईमानदार होगी।
निर्णायक पदों से महिलाओं को दूर रखने का आरोप
वर्मा ने यह भी आरोप लगाया कि जिन महिलाओं को सूची में शामिल किया गया है, उन्हें भी प्रभावशाली या निर्णय लेने वाले पद नहीं दिए गए हैं। अधिकतर को केवल साधारण कार्यकारिणी सदस्य बनाकर रखा गया है।
उन्होंने कहा कि इससे साफ होता है कि कांग्रेस महिलाओं को नेतृत्व देने के बजाय सिर्फ “वोट बैंक” के रूप में देखती है।
महिलाओं में बढ़ रहा आक्रोश
वर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ की माताएं-बहनें कांग्रेस के इस दोहरे रवैये को समझ रही हैं। पंचायती राज में महिलाओं को आगे बढ़ाने का श्रेय लेने वाली कांग्रेस आज खुद अपने संगठन में महिलाओं के साथ अन्याय कर रही है।
आने वाले समय में मिलेगा जवाब
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि आने वाले समय में प्रदेश की महिलाएं कांग्रेस के इस “राजनीतिक छलावे” का करारा जवाब देंगी।
📌
कांग्रेस के महिला सशक्तिकरण के दावे और जमीनी हकीकत के बीच बढ़ती खाई को लेकर सियासत तेज हो गई है। रायपुर से लेकर बिलासपुर तक यह मुद्दा अब राजनीतिक बहस का बड़ा केंद्र बनता जा रहा


