झाड़ू के बीच फन फैलाए बैठा था गुस्सैल कोबरा, दहशत में आया परिवार! जितेंद्र सारथी ने संभाला मोर्चा, सुरक्षित रेस्क्यू कर जंगल में छोड़ा
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त्रिनेत्र टाइम्स कोरबा **//**//**// कोरबा। घर के भीतर रखी झाड़ू के बीच छिपा जहरीला कोबरा, सामने खौफजदा परिवार और हर पल बना खतरा! करतला विकासखंड के ग्राम कुदुरमाल में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब पटेल परिवार की नजर झाड़ू के बीच छिपे कोबरा पर पड़ी। सांप की मौजूदगी से पूरा परिवार दहशत में आ गया। उसे भगाने की कोशिश भी की गई, लेकिन कोबरा के आक्रामक व्यवहार को देखकर किसी की आगे बढ़ने की हिम्मत नहीं हुई। आखिरकार परिवार ने वाइल्डलाइफ रेस्क्यू टीम के प्रमुख एवं वन विभाग के सदस्य जितेंद्र सारथी को सूचना दी। सूचना मिलते ही सारथी मौके पर पहुंचे और सावधानीपूर्वक रेस्क्यू अभियान शुरू किया।
झाड़ू में छिपे कोबरा का रेस्क्यू, ग्रामीणों ने ली राहत की सांस
ग्राम कुदुरमाल पहुंचकर जितेंद्र सारथी ने सबसे पहले परिवार और आसपास मौजूद ग्रामीणों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने की समझाइश दी। झाड़ू के बीच छिपा कोबरा काफी आक्रामक अवस्था में था, ऐसे में रेस्क्यू का काम बेहद सतर्कता की मांग कर रहा था। जितेंद्र सारथी ने निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया का पालन करते हुए सावधानी से कोबरा को रेस्क्यू किया और सुरक्षित बैग में रखा। इसके बाद सांप को उसके प्राकृतिक रहवास जंगल में छोड़ दिया गया। कोबरा के सुरक्षित निकल जाने के बाद परिवार और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।
वन्यजीवों की जान बचाने में जुटे जितेंद्र सारथी, रेस्क्यू के काम से बनाई अलग पहचान
जितेंद्र सारथी का कार्य केवल सांपों को पकड़ने तक सीमित नहीं है, बल्कि मानव और वन्यजीवों के बीच सुरक्षित सह-अस्तित्व का संदेश देने से भी जुड़ा है। सांपों सहित संकट में फंसे वन्यजीवों को सुरक्षित बचाने और उन्हें उनके प्राकृतिक आवास में पहुंचाने के लिए उनका प्रयास सराहनीय है। जहरीले सांपों की मौजूदगी से जहां आम लोग घबरा जाते हैं, वहीं प्रशिक्षित तरीके से रेस्क्यू कर वन्यजीवों की जान बचाना और लोगों को संभावित खतरे से सुरक्षित रखना बड़ी जिम्मेदारी है।
कुदुरमाल के ग्रामीणों ने बताया कि वे जितेंद्र सारथी को पहले टीवी और समाचारों में वन्यजीवों का रेस्क्यू करते हुए देखते थे, लेकिन अपने गांव में उन्हें प्रत्यक्ष रूप से कोबरा का सुरक्षित रेस्क्यू करते देखना उनके लिए अलग अनुभव रहा। ग्रामीणों ने समय पर पहुंचकर स्थिति संभालने के लिए उनका आभार जताया।

दहशत नहीं, जागरूकता जरूरी: सांप दिखे तो खुद रेस्क्यू करने की कोशिश न करें
इस घटना ने एक बार फिर साबित किया कि घर या आसपास सांप दिखाई देने पर घबराहट में उसे मारने, छेड़ने या खुद पकड़ने की कोशिश करना खतरनाक हो सकता है। ऐसी स्थिति में लोगों को सुरक्षित दूरी बनाकर प्रशिक्षित सर्प रेस्क्यूअर या संबंधित वन विभाग को सूचना देनी चाहिए। सांपों को सुरक्षित बचाना और उनके प्राकृतिक आवास में वापस पहुंचाना मानव सुरक्षा के साथ वन्यजीव संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है।
कुदुरमाल में जितेंद्र सारथी के सुरक्षित रेस्क्यू अभियान ने एक परिवार की दहशत दूर करने के साथ ग्रामीणों के बीच वन्यजीव संरक्षण और जागरूकता का संदेश भी दिया।







